{"_id":"59363c804f1c1b841c9c833e","slug":"money-laundering-case-misa-bharti-will-not-be-present-today-in-front-on-it-department","type":"story","status":"publish","title_hn":"मनी लॉन्ड्रिंग मामला: IT समन के बावजूद नहीं पहुंची लालू की बेटी मीसा, लगा 10 हजार का जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मनी लॉन्ड्रिंग मामला: IT समन के बावजूद नहीं पहुंची लालू की बेटी मीसा, लगा 10 हजार का जुर्माना
amarujala.com- Presented by: अभिषेक तिवारी
Updated Wed, 07 Jun 2017 07:45 AM IST
विज्ञापन
misa bharti
- फोटो : FILE PHOTO
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बेनामी संपत्ति मामले की आरोपी लालू प्रसाद यादव की बेटी मीसा भारती पर आयकर विभाग ने 10 हजार का जुर्माना ठोका है। मीसा पर आयकर विभाग के नोटिस पर पूछताछ के लिए उपस्थित न होने पर ये जुर्माना लगाया गया है। मीसा को आयकर विभाग ने समन भेजकर पूछताछ के लिए उपस्थित होने के लिए कहा था, पर वो आज पूछताछ के लिए नहीं पहुंची।
सूत्रों के मुताबिक मनी लॉन्ड्रिंग मामले की आरोपी मीसा भारती आयकर विभाग के अधिकारियों के समक्ष आज पूछताछ के लिए हाजिर नहीं हुई। इसी के बाद आयकर विभाग ने मीसा पर जुर्माना लगाया।
विज्ञापन
Misa Bharti not to appear today before Income-Tax officials for questioning over money laundering : Sources
इससे पहले मई में मीसा भारती के सीए राजेश अग्रवाल को ईडी ने गिरफ्तार किया था। कई हजार करोड़ के घोटाले के मामले में यह गिरफ्तारी हुई थी।
बता दें कि लालू यादव की बेटी मीसा और दामाद शैलेश कुमार पर महंगी संपत्तियों को सस्ती कीमत में खरीदने का आरोप है। यादव की बड़ी बेटी मीसा भारती और उनके पति शैलेश कुमार ने दिल्ली में इंदिरा गांधी एयरपोर्ट के पास एक फॉर्महाउस मजह 1.41 करोड़ रुपए में खरीदी, जबकि इसकी कीमत करीब 100 करोड़ की बताई जा रही है। इतना ही नहीं इस दंपति ने सैनिक फार्म्स में भी एक फॉर्महाउस खरीदा।
रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज के रिकॉर्ड के मुताबिक ये दंपति करीब 4 प्राईवेट कंपनियों के डायरेक्टर हैं। इन्होंने दिसंबर 2002 में मिशैल पैकर्स एंड प्रिंटर्स प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी बनाई। इसके बाद 2006 में उनकी ये कंपनी बंद कर दी गई। लेकिन 2008-2009 में इसी कंपनी ने इंदिरा गांधी एयरपोर्ट के पास एक फॉर्महाउस खरीदा।
इस फॉर्महाउस को खरीदने के अलावा संदिग्ध कंपनी के जरिए एक और संपत्ति खरीदी गई। केएचके होल्डिंग्स नाम की कंपनी से सैनिक फॉर्म्स में फॉर्महाउस खरीदा गया। ये कंपनी विवेक नागपाल की थी जो महज एक लाख रुपये में मीसा और शैलेश को बेच दिया गया।
विज्ञापन
I-T Dept slaps Rs 10,000 penalty on #RJD chief #LaluPrasad's daughter #MisaBharti for non-compliance of summons in #benami land deal probe.
— Press Trust of India (@PTI_News) June 6, 2017विज्ञापन
सूत्रों के मुताबिक मनी लॉन्ड्रिंग मामले की आरोपी मीसा भारती आयकर विभाग के अधिकारियों के समक्ष आज पूछताछ के लिए हाजिर नहीं हुई। इसी के बाद आयकर विभाग ने मीसा पर जुर्माना लगाया।
विज्ञापन
Misa Bharti not to appear today before Income-Tax officials for questioning over money laundering : Sources
— ANI (@ANI_news) June 6, 2017बता दें कि आयकर विभाग ने मीसा भारती और पति शैलेश कुमार को समन भेजा था। विभाग ने कहा था कि करोड़ों की बेनामी संपत्ति के मामले में उनसे छह जून को मीसा भारती से पूछताछ होगी।
इससे पहले मई में मीसा भारती के सीए राजेश अग्रवाल को ईडी ने गिरफ्तार किया था। कई हजार करोड़ के घोटाले के मामले में यह गिरफ्तारी हुई थी।
बता दें कि लालू यादव की बेटी मीसा और दामाद शैलेश कुमार पर महंगी संपत्तियों को सस्ती कीमत में खरीदने का आरोप है। यादव की बड़ी बेटी मीसा भारती और उनके पति शैलेश कुमार ने दिल्ली में इंदिरा गांधी एयरपोर्ट के पास एक फॉर्महाउस मजह 1.41 करोड़ रुपए में खरीदी, जबकि इसकी कीमत करीब 100 करोड़ की बताई जा रही है। इतना ही नहीं इस दंपति ने सैनिक फार्म्स में भी एक फॉर्महाउस खरीदा।
रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज के रिकॉर्ड के मुताबिक ये दंपति करीब 4 प्राईवेट कंपनियों के डायरेक्टर हैं। इन्होंने दिसंबर 2002 में मिशैल पैकर्स एंड प्रिंटर्स प्राइवेट लिमिटेड नाम की कंपनी बनाई। इसके बाद 2006 में उनकी ये कंपनी बंद कर दी गई। लेकिन 2008-2009 में इसी कंपनी ने इंदिरा गांधी एयरपोर्ट के पास एक फॉर्महाउस खरीदा।
इस फॉर्महाउस को खरीदने के अलावा संदिग्ध कंपनी के जरिए एक और संपत्ति खरीदी गई। केएचके होल्डिंग्स नाम की कंपनी से सैनिक फॉर्म्स में फॉर्महाउस खरीदा गया। ये कंपनी विवेक नागपाल की थी जो महज एक लाख रुपये में मीसा और शैलेश को बेच दिया गया।