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टिकट बदलने से पहले पूछा तक नहीं स्वाभिमान से समझौता नहीं: गिरिराज
Tue, 26 Mar 2019 06:32 AM IST
sapna singla
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: sapna singla
Updated Tue, 26 Mar 2019 06:32 AM IST
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giriraj singh
बिहार में नवादा की जगह बेगूसराय संसदीय क्षेत्र से लोकसभा टिकट मिलने को लेकर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह का एक बार फिर दर्द छलका है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के इस फैसले से उनके स्वाभिमान को ठेस पुहंची है। उन्होंने कहा कि मुझसे बिना पूछे ही सीट बदल दी गई है। भाजपा नेतृत्व को बताना चाहिए कि ऐसा क्यों किया गया है। उन्होंने कहा कि वह अपने आत्म सम्मान के साथ समझौता नहीं कर सकते हैं।
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सूत्रों की मानें तो, टिकट बंटवारा होने से पहले गिरिराज सिंह के दिल्ली स्थित आवास पर भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय और बिहार चुनाव प्रभारी भूपेंद्र यादव पहुंचे थे। इस दौरान गिरिराज सिंह ने दोनों नेताओं को तवज्जो नहीं दी थी। सूत्र बताते हैं कि नवादा से टिकट कटने की आशंका के बाद से गिरिराज सिंह केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से भी मिलकर इस बारे में बात करने वाले थे।
मालूम हो कि नवादा सीट लोजपा के खाते में जाने के कारण उन्हें खाली सीट बेगूसराय से उम्मीदवारी दी गई है। भाजपा नेता भोला सिंह के पिछले साल अक्तूबर में निधन हो जाने के बाद से बेगूसराय सीट खाली हो गई थी।
गिरिराज सिंह लोकसभा चुनाव 2014 में बेगूसराय से चुनाव लड़ना चाहते थे, जोकि उनके गृहक्षेत्र बड़हिया (लखीसराय) से सटा हुआ है। तब, पार्टी ने उन्हें नवादा से टिकट दिया था और वह जीते भी। इस बार गिरिराज अपनी नवादा सीट नहीं छोड़ना चाहते थे, लेकिन उन्हें बेगूसराय से उम्मीदवार बना दिया गया।
दरअसल, जदयू के एनडीए में शामिल होने के बाद लोजपा की सीटिंग सीट मुंगेर जदयू नेता ललन सिंह के खाते में चली गई और इसके बदले में लोजपा को नवादा सीट मिल गई और यहां से गिरिराज सिंह का पत्ता कट गया।
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Giriraj Singh, BJP: My self respect is hurt that no other MP's seat was changed in Bihar. It was decided without talking to me. State BJP leadership should tell me why was it done. I've nothing against Begusarai but I can't compromise with my self respect. #LokSabhaElection2019 pic.twitter.com/g7ld6k3myF
— ANI (@ANI) March 25, 2019विज्ञापन
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सूत्रों की मानें तो, टिकट बंटवारा होने से पहले गिरिराज सिंह के दिल्ली स्थित आवास पर भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष नित्यानंद राय और बिहार चुनाव प्रभारी भूपेंद्र यादव पहुंचे थे। इस दौरान गिरिराज सिंह ने दोनों नेताओं को तवज्जो नहीं दी थी। सूत्र बताते हैं कि नवादा से टिकट कटने की आशंका के बाद से गिरिराज सिंह केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से भी मिलकर इस बारे में बात करने वाले थे।
मालूम हो कि नवादा सीट लोजपा के खाते में जाने के कारण उन्हें खाली सीट बेगूसराय से उम्मीदवारी दी गई है। भाजपा नेता भोला सिंह के पिछले साल अक्तूबर में निधन हो जाने के बाद से बेगूसराय सीट खाली हो गई थी।
गिरिराज सिंह लोकसभा चुनाव 2014 में बेगूसराय से चुनाव लड़ना चाहते थे, जोकि उनके गृहक्षेत्र बड़हिया (लखीसराय) से सटा हुआ है। तब, पार्टी ने उन्हें नवादा से टिकट दिया था और वह जीते भी। इस बार गिरिराज अपनी नवादा सीट नहीं छोड़ना चाहते थे, लेकिन उन्हें बेगूसराय से उम्मीदवार बना दिया गया।
दरअसल, जदयू के एनडीए में शामिल होने के बाद लोजपा की सीटिंग सीट मुंगेर जदयू नेता ललन सिंह के खाते में चली गई और इसके बदले में लोजपा को नवादा सीट मिल गई और यहां से गिरिराज सिंह का पत्ता कट गया।