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Bihar: बिहार में झुग्गी घोटाला; फर्जी स्लम दिखाकर केंद्र सरकार से 49 करोड़ स्वीकृत कराने का मामला आया सामने
Thu, 22 May 2025 09:31 AM IST
आदित्य आनंद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: आदित्य आनंद
Updated Thu, 22 May 2025 09:31 AM IST
सार
Patna News: विजिलेंस में शिकायत करने नौबतपुर के स्थानीय निवासी ने कहा कि 10 साल से मैं इसकी शिकायत कर रहा हूं। 10 साल पहले निगरानी थाने में शिकायत की थी। अब मामला दर्ज हुआ है। जांच में साढ़े तीन करोड़ के घोटाले की भी बात सामने आई है।
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झुग्गी घोटाला।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार एक चौंकने वाला मामला सामने आया है। पटना जिले में झुग्गी घोटाला होने का आरोप लगा है। दावा है कि फर्जी दस्तावेज और झुग्गियों को दिखाकर केंद्र सरकार से 49 करोड़ की राशि स्वीकृत करवा ली गई है। इतना ही नहीं इस 49 करोड़ में से साढ़े तीन करोड़ का गबन भी हो चुका है। यह पूरा मामला नौबतपुर नगर पंचायत का है। यहां समेकित आवास एवं स्लम विकास कार्यक्रम की राशि हड़पने के लिए बड़ा खेल किया गया है। हैरान करने वाली बात यह है कि नौबतपुर में एक भी स्लम बस्ती नहीं है फिर भी यह खेला हो गया।
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राशि ऐसे लोगों में बांटी गई जो इसके पात्र भी नहीं
49 करोड़ की राशि स्वीकृत होने के बाद समेकित आवास एवं स्लम विकास योजना की राशि ऐसे लोगों में बांटी गई जो इसके पात्र भी नहीं थे। इनमें सरकारी नौकरी करने वाले, संपन्न लोग, बाहरी लोग भी शामिल हैं। कुछ तो ऐसे भी जिन्हें पहले ही इंदिरा आवास का लाभ मिल चुका है। अब नौबतपुर निवासी दो लोगों की शिकायत पर निगरानी थाने में आठ मई को केस दर्ज की गई है। शिकायत में कहा गया कि यह घोटाला 2012 से 2014 के बीच हुआ। 2018 में नौबतपुर में इसको लेकर एक केस भी हुआ। इसमें तीन लोगों को जेल भी जाना पड़ा। अब फिर से निगरानी थाना में केस दर्ज हुआ है।
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जांच पड़ताल के बाद केंद्र सरकार से राशि मिली थी
इधर, इस मामले के आरोपियों में से एक और नौबतपुर नगर पंचायत के तत्कालीन अध्यक्ष कौशल कौशिक ने कहा कि नौबतपुर पंचायत में चुनाव होने वाला है। इसलिए साजिश के तरह ऐसा किया गया है। यह सब फंसाने के लिए किया जा रहा है। इसलिए निगरानी में केस भी की गई है। डीपीआर बनाकर नगर विकास एवं आवास विभाग को भेजा गया था। जांच पड़ताल के बाद केंद्र सरकार से राशि मिली थी।