फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Bihar News : abnormal face unique skin big eye child born in bagha Birth of a strange child birth rare case

Bihar News : भगवान का अवतार या किसी गड़बड़ी से हुआ इस अजूबा का जन्म! कुछ देखना नहीं चाह रहे, कुछ भीड़ लगा रहे

Wed, 31 Jul 2024 04:35 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना Published by: कृष्ण बल्लभ नारायण Updated Wed, 31 Jul 2024 04:35 PM IST
सार

Rarest of Rare Case : बिहार में एक ऐसे बच्चे के जन्म की खबर सामने आई है, जिसे कुछ लोग भगवान का अवतार कह रहे हैं तो कुछ दूसरे ग्रह से आया बता रहे हैं। वह सामान्य बच्चों की तरह रो रहा है, लेकिन बाकी उसका सबकुछ असामान्य है। चेहरा, दांत, आंख... सब।

विज्ञापन
Bihar News : abnormal face unique skin big eye child born in bagha Birth of a strange child birth rare case
बिहार में बेहद अलग स्किन और आंखों के साथ जन्म हुआ बच्चा। - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

यह बच्चा आम बच्चों की तरह रोते हुए जन्मा। लेकिन, जब इसका चेहरा सामने आया तो घर वाले भी रोने लगे। वजह थी उसका इस तरह असामान्य होना। वह इतना असामान्य है कि कुछ लोग उसे भगवान मानकर देखने आ रहे। वैसे कुछ लोग उसे दूसरे ग्रह का भी बताते हुए दूरी बना रहे हैं। लेकिन, न तो वह भगवान है और न दूसरे ग्रह से आया कोई प्राणी। वह एक बीमारी के कारण इस तरह एक मां की गोद में आया है। बच्चे का चेहरा सामान्य से बड़ा है। चेहरा से लेकर पूरे शरीर पर चमड़ा उजला और उठा हुआ है। आंखें बाहर निकली हुईं और लाल लोथ की तरह हैं। इतना असामान्य है कि उसकी तस्वीर नहीं प्रकाशित की जा सकती। लेकिन, इस असामान्यता के बावजूद सबसे सामान्य बात यह भी है कि उसकी मां उससे न डर रही है और न भाग रही है। गोद में लिए चल रही है। क्योंकि, मां तो मां होती है।

विज्ञापन


किस तरह की बीमारी के कारण हुआ ऐसा- जानें
खबर बगहा के रामनगर से है। रामनगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में एक प्रसूता महिला ने इस अजीबोगरीब बच्चे को जन्म दिया। जैसे ही बच्चे का जन्म हुआ, उसके इस तरह असामान्य होने की जानकारी जंगल में आग की तरह फैल गई। कुछ देर बाद ही उसे देखने के लिए सैकड़ों लोग पहुंचने लगे। कुछ महिलाओं ने उसे देखकर प्रणाम किया और ईश्वर का अवतार बताया। वैसे कुछ लोग उससे डर कर भाग भी रहे थे। रामनगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. चंद्र भूषण ने बताया कि गर्भ के अंदर ही बच्चे में असामान्यता आ गई। हार्लेक्विन इचथियोसिस के कारण इस तरह की स्थिति है। ऐसी बीमारी लाखों बच्चों में से किसी एक को होती है। बच्चे को जन्म देने के बाद मां सुरक्षित है। बच्चे को बेतहर इलाज के लिए सदर अस्पताल बेतिया रेफर कर दिया गया है। जन्म देने वाली मां के प्रति संवेदना रखते हुए 'अमर उजाला' उनकी तस्वीर या पहचान उजागर नहीं कर रहा है।

विज्ञापन


जिनेटिक बीमारी है यह, कभी-कभी समाधान होता है
बिहार के प्रख्यात शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. पी. पी. मिश्रा ने बताया कि इचथियोसिस के कारण ऐसे बच्चों का जन्म होता है। यह जेनेटिक, यानी अनुवांशिक बीमारी है। कई बार माता-पिता में इसके लक्षण नहीं भी दिखें, तो भी बच्चे में ऐसा दिख सकता है। ऐसे बच्चों को स्टेरॉयड और कुछ लोशन के जरिए ट्रीटमेंट दिया जाता है, जो विशेषज्ञ की निगरानी में ही संभव है। संभव है कि परिवार में कहीं इसका लक्षण कभी थोड़ा दिखकर रह गया हो। जब इसका लक्षण दिखा होगा तो चमड़े पर ही कुछ असामान्य स्थिति होगी। गर्भ में बच्चा जब इचथियोसिस के साथ डेवलप होता है तो इस तरह पूरे शरीर में परेशानी होती है। सही इलाज होने पर कई बार ऐसे बच्चों के बचने की संभावना भी रहती है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed