बिहार: कोविड-19 परीक्षण डाटा धोखाधड़ी में जुमई के सिविल सर्जन समेत कई निलंबित
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बिहार में कोविड-19 महामारी के परीक्षण के डाटा में धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस बारे में जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से शुक्रवार को पत्रकारों ने सवाल किए तो उन्होंने कहा कि प्रमुख सचिव ने मामले की जांच कराई है। सिर्फ एक जगह यह मामला सामने आया है। उधर राज्य सरकार ने जुमई के सिविल सर्जन समेत कई को निलंबित कर दिया है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि उन्होंने इसके बारे में राज्य के प्रमुख सचिव से पूछा तो बताया गया कि मामले की जांच की जा चुकी है। 22 डिस्ट्रीब्यूटर्स पर नजर डाली जा चुकी है। एक जगह यह मामला सामने आया था। इसे लेकर कार्रवाई की जा रही है।
इन पर गिरी गाज : बहरहाल इस मामले में जमुई के सिविल सर्जन, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी, ब्लॉक स्वास्थ्य प्रबंधक, सिकंदरा और बरहट के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के चिकित्सा प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है।
वहीं बिहार के स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने कहा कि कोरोना परीक्षण डाटा में गंभीर विसंगतियां पाई गईं हैं। संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी गई है। इसके अलावा, कई स्थानों पर हम दोषियों का पता लगाने में सक्षम हैं लेकिन उन्होंने अपने फोन नंबर में 10 शून्य अंकित करवाए हैं।
I asked Principal Secy about it. He said matter has been investigated & 22 dists have already been looked into. This was seen at one location & action is being taken. He also spoke to journalist of newspaper which reported it: Bihar CM on fudging of COVID testing data in state pic.twitter.com/clWvXcGxHH
— ANI (@ANI) February 12, 2021