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तीन साल में बिहार को बना देंगे एशिया में नंबर वन : पप्पू यादव
Wed, 21 Oct 2020 06:06 AM IST
Amit Mandal
मनीष मिश्र, पटना
मनीष मिश्र, पटना
Published by: Amit Mandal
Updated Wed, 21 Oct 2020 06:06 AM IST
सार
- जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष एवं बाहुबली नेता पप्पू यादव से अमर उजाला की खास बातचीत
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पप्पू यादव (फाइल फोटो)
- फोटो : Facebook/Rajesh Ranjan
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विस्तार
पप्पू की जन अधिकार पार्टी ने दलित नेता चंद्रशेखर आजाद की आजाद समाज पार्टी, बहुजन मुक्ति पार्टी और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) के साथ मिलकर प्रोग्रसिव नेशनल डेमोक्रेटिव अलायंस बनाकर साथ लड़ने का किया फैसला किया है। पप्पू यादव खुद बिहार की मधेपुरा सीट से चुनाव लड़ेंगे और अपने गठबंधन की ओर से सीएम पद के दावेदार हैं। पप्पू यादव से मनीष मिश्र की खास बातचीत।
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अगर हमें मौका मिले तो बिहार को तीन साल में एशिया में नंबर वन बना देंगे। पिछले 15 सालों में बिहार की जनता नीतीश से ऊब गई है, बिहार विधानसभा चुनावों में प्रोग्रसिव डेमोक्रेटिव अलायंस की ओर से मुख्यमंत्री पद के दावेदार घोषित राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने यह बातें कहीं। बिहार में पिछले तीस साल के कार्यकाल (15 साल लालू यादव और 15 साल नीतीश कुमार) को पिछड़ेपन का प्रमुख कारण बताते हुए जन अधिकार पार्टी (लोकतांत्रिक) अध्यक्ष पप्पू यादव कहते हैं, जब दो से तीन साल डीएम या आईएएस को दिया जाता है, तो इन नेताओं को 15-15 साल क्यों? राजस्थान और यूपी में पांच साल में सरकारें बदल जाती हैं, लेकिन मुझे समझ नहीं आता बिहार कि जनता के बारे में, वह एक ही परिवार के पीछे वर्षों पड़ी रहती है।
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राज्य की बदहाल कानून व्यवस्था पर जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष पप्पू यादव ने ‘अमर उजाला’ से खास बातचीत में कहा कि हम पावर में आए तो तीन महीने में पूरी तरह से हत्यारे-माफिया साफ होंगे, या तो वो रहेंगे या हम। छह महीने में बेटी बस या पब्लिक ट्रांसपोर्ट से रात के 12 बजे बिहार में कहीं भी जा सकेगी। कैंसर, किडनी की जांच फ्री करते हुए हर जिले में अच्छा अस्पताल देंगे। वन नेशन, वन एजुकेशन लागू होना चाहिए, नेता और डीएम का बेटा एक गरीब के बेटे के साथ क्यूं नहीं पढ़ सकते?
प्रोग्रेसिव नेशनल गठबंधन
जन अधिकार पार्टी ने दलित नेता चंद्रशेखर आजाद की आजाद समाज पार्टी, बहुजन मुक्ति पार्टी और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (एसडीपीआई) के साथ मिलकर प्रोग्रसिव नेशनल डेमोक्रेटिव अलायंस बनाकर साथ बिहार के चुनावों में लड़ने का फैसला किया है।
मधेपुरा से लड़ूंगा
बिहार की मधेपुरा सीट से चुनाव लड़ने का एलान करने वाले बाहुबली नेता पप्पू यादव बिहार की बदहाली का कारण गिनाते हुए कहते हैं, “जब तक व्यक्ति की ज़िंदगी में पैसा सुरक्षित नहीं होगा, तब तक उसकी ज़िंदगी तरक्की नहीं कर सकती। बिहार सबसे भ्रष्टतम राज्य है। सुबह अगर निकलेंगे तो चिंता होगी कि मेरी जेब में पैसे नहीं हैं।” वह आगे कहते हैं, जेब में पैसे होने के बाद इंसान की सबसे बड़ी जरूरत है कि उसके अंदर किसी भी तरह का डर नहीं होना चाहिए। लेकिन बिहार में एक भी व्यक्ति नहीं है जो डरा हुआ न हो, डरा आदमी अपना विकास नहीं कर सकता तो समाज और परिवार क्या बनाएगा?
स्वास्थ्य शिक्षा में राज्य पीछे
बिहार में नीतीश कुमार और लालू यादव के शासनकाल पर हमलावर पप्पू यादव कहते हैं, स्वास्थ्य और शिक्षा में हम दुनिया में सबसे नीचे हैं। बिहार की 13 करोड़ जनता लालू और नीतीश से ऊब गई है। राज्य में बेरोजगारी से पलायन बढ़ा है। बिहार के 19 जिले तो बाहर से आने वाले मनी आर्डर पर निर्भर हैं। रामविलास पासवान की वजह से नीतीश कुमार की किस्मत खुली, लेकिन नीतीश कुमार के आने के बाद से बिहार को क्या मिला? बिहार की जनता करीब 90 फीसदी बीमारियों से घिरी हुई है। करीब 30-32 जिले बाढ़ से घिरे होते हैं। इसका कोई हल नहीं है। शिक्षा माफिया और स्वास्थ्य माफिया को तवज्जो देते हैं। बेहतर अस्पताल बनाने की कल्पना क्यों नहीं की गई? नदियों को जोड़ने का काम क्यों नहीं हुआ?
मखान, पान, धान से समृद्धि संभव
सांस्कृतिक व प्राकृतिक रुप से समृद्ध बिहार की खूबियां गिनाते हुए पप्पू यादव कहते हैं, हमारे राज्य में मखान है, मगध का पान है शाहाबाद का धान है, हम सभी को धान दे सकते हैं, केले की भरमार है, लीची है। सीमांचल में मक्का पर आधारित फूड प्रोसेसिंग की फैक्ट्रियां खोल दें तो दुनिया बदल देंगे, लेकिन तीन हजार में से 2000 फैक्ट्रियां चलती ही नहीं। राजधानी पटना सबसे अधिक प्रदूषित है और बात हम स्मार्ट सिटी की करते हैं।
सभी खतरे का डर दिखाते हैं
बिहार की मौजूदा राजनीति को समझाते हुए पप्पू यादव कहते हैं, जब नेता की कुर्सी खतरे में होती है तो वह कह देता है कि जाति खतरे में, देश खतरे में, हिन्दू या मुसलमान खतरे में है। नीतीश कुमार ऊंची जाति वालों को लालू यादव का डर दिखाते हैं, लालू यादव नीची और पिछड़ी जातियों को भाजपा का डर दिखाते हैं। बस ये खेल चल रहा है।