Tata Motors-Iveco: टाटा मोटर्स की 4.4 अरब डॉलर की इवेको डील में देरी, यूरोपीय नियामकीय मंजूरी का इंतजार
Iveco ने कहा कि समय-सीमा आगे बढ़ा दी गई है, क्योंकि मुंबई स्थित यह वाहन निर्माता कंपनी अभी भी अधिग्रहण के लिए नियामक मंजूरियों का इंतजार कर रही है। हालांकि, ट्यूरिन स्थित कंपनी को लगभग सभी जरूरी मंजूरियां मिल चुकी हैं।
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विस्तार
इतालवी कमर्शियल वाहन निर्माता इवेको (Iveco) ने गुरुवार को जानकारी दी है कि टाटा मोटर्स लिमिटेड द्वारा किया जाने वाला 4.4 अरब डॉलर का अधिग्रहण अब सितंबर तिमाही में पूरा होने की उम्मीद है। पहले इस सौदे को जून तिमाही तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था।
डील की समय सीमा आगे क्यों बढ़ाई गई?
मुंबई स्थित टाटा मोटर्स और ट्यूरिन स्थित इवेको के बीच इस सौदे में देरी का मुख्य कारण तकनीकी और नियामक मंजूरियां हैं:
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पेंडिंग अप्रूवल: इवेको ने बताया कि हालांकि उन्हें लगभग सभी आवश्यक मंजूरियां मिल चुकी हैं, लेकिन टाटा मोटर्स को अभी भी कुछ रेगुलेटरी क्लियरेंस का इंतजार है।
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यूरोपीय अधिकारियों की भूमिका: यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) और यूरोपीय प्रतिस्पर्धा आयोग से मंजूरी मिलना अभी बाकी है। ये मंजूरियां फरवरी-मार्च 2026 तक मिल जानी चाहिए थीं।
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बैंकिंग का पेंच: इवेको समूह के पास एक गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (NBFC) भी है, जिसके कारण यूरोपीय सेंट्रल बैंक की अनुमति अनिवार्य है।
टाटा समूह के लिए इस अधिग्रहण का क्या महत्व है?
यह सौदा टाटा मोटर्स के इतिहास के सबसे बड़े सौदों में से एक है:
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वैश्विक विस्तार: जुलाई 2025 में घोषित इस डील का उद्देश्य टाटा की वैश्विक उपस्थिति को बढ़ाना है। इवेको पहले फिएट (Fiat) का हिस्सा थी।
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बड़ा पैमाना: इस अधिग्रहण के बाद टाटा की संयुक्त बिक्री 5.4 लाख यूनिट्स से अधिक और राजस्व 25 अरब डॉलर के पार पहुंच जाएगा।
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ऐतिहासिक संदर्भ: यह 2008 में जगुआर लैंड रोवर (2.3 अरब डॉलर) के बाद टाटा मोटर्स का सबसे बड़ा और टाटा समूह का (कोरस के बाद) दूसरा सबसे बड़ा अधिग्रहण है।
इवेको के वर्तमान वित्तीय हालात कैसे हैं?
डील में देरी के बीच इवेको के हालिया प्रदर्शन ने विश्लेषकों की चिंता बढ़ा दी है:
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घाटा: कंपनी ने 2025-26 की एक तिमाही में 75 मिलियन यूरो का घाटा दर्ज किया है। जबकि पिछले साल इसी अवधि में 60 मिलियन यूरो का मुनाफा हुआ था।
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राजस्व: नेट रेवेन्यू 1 प्रतिशत बढ़कर 2.83 अरब यूरो रहा। बस सेगमेंट में सुधार कार्य और गुणवत्ता बढ़ाने से जुड़ी लागतों के कारण मुनाफे पर असर पड़ा है।
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सुधार की उम्मीद: मुख्य कार्यकारी ओलोफ पर्सन ने कहा है कि कार्यक्षमता कार्यक्रमों के जरिए 2026 की दूसरी छमाही में मुनाफे में सुधार की उम्मीद है।
बाजार और विश्लेषकों की इस पर क्या राय है?
बाजार में इस खबर का मिला-जुला असर देखा गया है:
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शेयर बाजार: गुरुवार को टाटा मोटर्स के शेयर 1.3 प्रतिशत बढ़े, जबकि निफ्टी ऑटो इंडेक्स में 2.3 प्रतिशत की बढ़त रही।
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जोखिम की चेतावनी: मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के विश्लेषकों ने चेतावनी दी है कि यूरोप और लैटिन अमेरिका जैसे बाजारों में अनिश्चितता के कारण इवेको के प्रदर्शन का असर टाटा मोटर्स की रेटिंग पर पड़ सकता है।
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अनिश्चितता: वैश्विक मैक्रो हालातों और मांग में कमी के चलते इवेको के गिरते प्रदर्शन को लेकर विशेषज्ञों ने चिंता जाहिर की है।