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Bus Tracking: गाजियाबाद में यूपी रोडवेज की 429 बसों में लगाए जाएंगे वाहन ट्रैकिंग उपकरण, जानें डिटेल्स
Tue, 21 Nov 2023 06:50 PM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Tue, 21 Nov 2023 06:50 PM IST
सार
उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) (UPSRTC) की बसों को खास तौर पर महिला यात्रियों के लिए ज्यादा सुरक्षित बनाने के लिए, राज्य भर में लगभग 5,000 बसों के लिए व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) (VLTD) लगाने की एक परियोजना शुरू की गई है।
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (यूपीएसआरटीसी) (UPSRTC) की बसों को खास तौर पर महिला यात्रियों के लिए ज्यादा सुरक्षित बनाने के लिए, राज्य भर में लगभग 5,000 बसों के लिए व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) (VLTD) लगाने की एक परियोजना शुरू की गई है। इमें गाजियाबाद क्षेत्र की 429 बसें भी शामिल हैं।
यूपीएसआरटीसी के अधिकारियों ने कहा कि यह परियोजना केंद्र सरकार के निर्भया फंड द्वारा समर्थित है। और इसका मकसद बसों में महिला सुरक्षा के मुद्दे को संबोधित करना और बसों की लाइव ट्रैकिंग जैसी टेक्नोलॉजी के इंटीग्रेशन के साथ यात्रा के अनुभव को बेहतर बनाना है।
यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद क्षेत्र के अधिकारियों ने कहा कि क्षेत्र में 429 बसों की पहचान की गई है और अब तक 286 बसों में इंस्टॉलेशन पूरा हो चुका है। गाजियाबाद क्षेत्र में कुल मिलाकर 967 बसें संचालित होती हैं।
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यूपीएसआरटीसी के अधिकारियों ने कहा कि यह परियोजना केंद्र सरकार के निर्भया फंड द्वारा समर्थित है। और इसका मकसद बसों में महिला सुरक्षा के मुद्दे को संबोधित करना और बसों की लाइव ट्रैकिंग जैसी टेक्नोलॉजी के इंटीग्रेशन के साथ यात्रा के अनुभव को बेहतर बनाना है।
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यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद क्षेत्र के अधिकारियों ने कहा कि क्षेत्र में 429 बसों की पहचान की गई है और अब तक 286 बसों में इंस्टॉलेशन पूरा हो चुका है। गाजियाबाद क्षेत्र में कुल मिलाकर 967 बसें संचालित होती हैं।
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यूपीएसआरटीसी के क्षेत्रीय प्रबंधक केसरी नंदन चौधरी ने कहा, "वीएलटीडी लगाने का काम शुरू हो गया है और क्षेत्र की 429 बसों में से 286 को अब तक कवर किया जा चुका है। परियोजना में अन्य कंपोनेंट्स हैं जैसे पैनिक बटन लगाना, नए वाहनों का इंटीग्रेशन जो इन उपकरणों से लैस हैं। और यात्रियों की जानकारी के लिए क्षेत्रीय बस स्टेशनों पर एलईडी डिस्प्ले यूनिट्स लगाना।"
2013 से महिला सुरक्षा से संबंधित योजनाओं को लागू करने के लिए केंद्र द्वारा विभिन्न राज्य सरकारों को निर्भया फंड दिया जाता है।
अधिकारियों ने कहा कि प्रारंभिक चरण में 5,000 यूपीएसआरटीसी बसों को वीएलटीडी से लैस करने के लिए पहचान की गई है। और इन्हें लखनऊ में एक मुख्य कमांड सेंटर के साथ इंटीग्रेट किया जाएगा और 20 ऐसे क्षेत्रीय केंद्रों द्वारा सहायता प्रदान की जाएगी।
2013 से महिला सुरक्षा से संबंधित योजनाओं को लागू करने के लिए केंद्र द्वारा विभिन्न राज्य सरकारों को निर्भया फंड दिया जाता है।
अधिकारियों ने कहा कि प्रारंभिक चरण में 5,000 यूपीएसआरटीसी बसों को वीएलटीडी से लैस करने के लिए पहचान की गई है। और इन्हें लखनऊ में एक मुख्य कमांड सेंटर के साथ इंटीग्रेट किया जाएगा और 20 ऐसे क्षेत्रीय केंद्रों द्वारा सहायता प्रदान की जाएगी।
For Reference Only
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चौधरी ने कहा, "5,000 बसों में से, 1,000 से ज्यादा में अब तक उपकरण लगाए जा चुके हैं। गाजियाबाद का क्षेत्रीय केंद्र कौशांबी में बन सकता है। संभावना है कि दिसंबर के आखिर या जनवरी तक इंस्टॉलेशन पूरा हो जाएगा। यूपीएसआरटीसी के साथ काम करने वाले निजी बस ऑपरेटरों को भी अपनी बसों को इन उपकरणों से लैस करने के लिए कहा गया है।"
यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद क्षेत्र की बसें आईएसबीटी कौशांबी, आईएसबीटी आनंद विहार और आईएसबीटी कश्मीरी गेट जैसे बस स्टेशनों से विभिन्न छोटी और लंबी दूरी के गंतव्यों के लिए संचालित होती हैं।
यूपीएसआरटीसी गाजियाबाद क्षेत्र की बसें आईएसबीटी कौशांबी, आईएसबीटी आनंद विहार और आईएसबीटी कश्मीरी गेट जैसे बस स्टेशनों से विभिन्न छोटी और लंबी दूरी के गंतव्यों के लिए संचालित होती हैं।