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ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जानिए कब होती है संतान

Thu, 20 Feb 2020 10:59 AM IST
रुस्तम राणा ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला Published by: रुस्तम राणा Updated Thu, 20 Feb 2020 10:59 AM IST
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When and how many children you have know through Astrology
Sleeping Baby - फोटो : Pixabay

यह सभी जानते हैं कि हर विवाहित स्त्री और पुरुष संतान प्राप्ति की कामना करते हैं। वे अपने वंश को आगे बढ़ाने के लिए ऐसा करते हैं। वंश की वृद्धि के लिए एवं परमात्मा की रचना में सहयोग देने के लिए यह आवश्यक भी है। जहां एक विवाहित पुरुष पिता बनकर अपने आपको पूर्ण महसूस करता है। वहीं एक शादीशुदा स्त्री मां बनकर स्वयं को पूर्ण रूप में पाती है। हमारे धार्मिक शास्त्र भी यही कहते हैं कि संतानहीन व्यक्ति के यज्ञ, दान, तप एवं अन्य सभी पुण्य निष्फल हो जाते हैं। वैदिक ज्योतिष में किसी घटना के लिए सबसे पहले कुंडली के योगों को देखा जाता है। फिर उस विषय से संबंधित दशा-अंतर्दशा का विश्लेषण किया जाता है। अंत में गोचर में ग्रहों को देखा जाता है कि वह कब हरी झंडी दिखाएंगे।

When and how many children you have know through Astrology
- फोटो : Pixabay
कुंडली बताती है कि आपकी कितनी संतानें होंगी

कुंडली में पंचमेश सूर्य पंचम भाव में हो या पंचम भाव को देखता हो तो इस स्थिति में एक पुत्र होता है। जबकि इसी क्रम में गुरु पांच, मंगल तीन पुत्र देता है। शनि सात कन्या, शुक्र छह कन्या एवं चंद्रमा एक कन्या देता है। पंचम भाव एवं पंचमेश से संभंध रखने वाले ग्रहों के विभिन्न अनुपात को देखकर संख्या का निर्णय किया जाता है। 

When and how many children you have know through Astrology
Sleeping Baby - फोटो : Pixabay

ज्योतिष विज्ञान के अनुसार संतान प्राप्ति कब नहीं होगी
पंचम भाव, पंचमेश और गुरु पाप ग्रह से दृष्ट हों, या यूं कहें कि पाप ग्रहों की दृष्टि इनके ऊपर हो, तो देवता के शाप से वह व्यक्ति संतानहीन होता है। यदि ये षष्ठेश से युत या द्रष्ट हों, तो संतानहीन होता है। जन्म कुंडली से संतान प्राप्ति के समय का निर्धारण करते समय सर्वप्रथम जिन बातों को देखा जाता है। 

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Sleeping Baby - फोटो : Pixabay
  • संतान का संबंध कुंडली में पंचम भाव से होता है। इसलिए पंचम भाव के स्वामी भाव के कारक अर्थात संतान के कारक पंचम भाव में बैठे ग्रह, पंचम भाव दृष्टि रखने वाले ग्रह, इन सभी का अंशों तक अध्यन करें।
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When and how many children you have know through Astrology
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay
  • पंचम भाव में बैठे ग्रह षष्ठ भाव मध्य के कितने करीब है?
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