Angarak Yog: 27 जून से 10 अगस्त तक मेष राशि में राहु-मंगल अंगारक योग, देश पर क्या होगा प्रभाव ?
27 जून 2022 से मंगल-राहु की युति से अंगारक योग बन रहा है। चूंकि यह अशुभ योग है इस वजह से देश के कुछ हिस्सों में हिंसा,प्रदर्शन और यातायात दुर्घटनाएं बढ़ने की संभावना है।
विस्तार
वैदिक ज्योतिष में ग्रहों के सेनापति माने जाने वाले मंगल 27 जून को अपनी मूल त्रिकोण राशि मेष में प्रवेश करने जा रहे है। राहु जो की एक पापग्रह है वो पहले से मेष राशि में विराजमान है। राहु और मंगल की यह युति अंगारक योग को जन्म देती है। मंगल साहस का कारक ग्रह है तो वहीं राहु छल का है, इसलिए इस युति में जातक क्रोधी और अति साहसी होकर बने बनाएं काम बिगाड़ देता है। इस समय देश में राजनीतिक अस्थिरता चरम पर होगी, क्योंकि मेष में विराजमान राहु और मंगल पर शनि की नीच दृष्टि है। शनि जनता का और मंगल सेना का कारक है। इसी वजह से इस गोचरकाल में देश की जनता में असंतोष की भावना हो सकती है। इस योग के कारण आंदोलन का पनपना,पुलिस और सेना पर किसी बड़े हमले का भी योग बन रहा है। इस समय देश को अस्थिर करने के लिए साजिश की जा सकती है। आजाद भारत की कुंडली वृष लग्न की है, जिसके कारण यह युति 12वें भाव में होकर गुप्त साजिश का संकेत दे रही है। न्यायपालिका इस समय कोई बड़ा निर्णय दे सकती है। मंगल अति उत्साही,ऊर्जावान,आग्नेयास्त्रों,सेना तथा जमीन जायदाद के कारक हैं इनके राशि परिवर्तन का आम जनमानस पर सीधा असर पड़ता है
अग्नि तत्व और युद्ध के कारक ग्रह मंगलदेव 27 जून 2022 को सुबह करीब 5 बजकर 38 मिनट पर मीन राशि को छोड़कर अपनी मूल त्रिकोण राशि मेष में प्रवेश कर जाएंगे। जहां पर पहले से ही मेष में राहु स्थित है। ज्योतिष शास्त्र की गणना के अनुसार जब भी मंगल और राहु दोनों एक साथ आते हैं तो युति बनने के कारण अंगारक योग बनता है। यह अंगारक योग 10 अगस्त को रात के करीब 9 बजकर 8 मिनट पर रहेगा। क्योंकि मंगल वृषभ राशि में प्रवेश कर जाएंगे।
अंगारक योग का प्रभाव
27 जून 2022 से मंगल-राहु की युति से अंगारक योग बन रहा है। चूंकि यह अशुभ योग है इस वजह से देश के कुछ हिस्सों में हिंसा,प्रदर्शन और यातायात दुर्घटनाएं बढ़ने की संभावना है। प्राकृतिक आपदाएं जैसे भूकंप,तूफान या भूमि स्खलन आदि होने की भी संभावना है। स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं जैसे हृदय रोग,चोट, जलना और ब्लड प्रेशर आदि की बीमारियां बढ़ सकती हैं। इसके अलावा संपत्ति आदि मामलों में तेजी भी आने की संभावना है। जमीनों के दामों में अचानक उतार-चढ़ाव भी हो सकता है।
अंगारक योग के अशुभ प्रभाव से बचने के उपाय
- मसूर की दाल का दान करने से जातक के ऊपर अंगारक अशुभ योग कम होता है।
- मंगलवार को तांबे के बर्तन में अनाज भरकर हनुमान मंदिर में दान करें।
- स्नान करते समय पानी में लाल चंदन अवश्य मिलाएं।
- हनुमान जी को लाल फूल अर्पण करें और साथ ही उन्हें सिंदूर भी चढ़ाएं।