नगर निकाय चुनाव को लेकर बाड़मेर में सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। कांग्रेस ने बाड़मेर नगर परिषद के 55 वार्डों में से 51 वार्डों के लिए अपने प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए हैं, जबकि भाजपा ने अभी तक आधिकारिक रूप से अपने उम्मीदवारों की सूची जारी नहीं की है। कांग्रेस की तीन सूचियों में 51 नाम सामने आए हैं। सोमवार को जारी चार नामों की सूची में पूर्व विधायक मेवाराम जैन के करीबी माने जाने वाले चार बार के पार्षद सुल्तानसिंह का टिकट काट दिया गया। उनकी जगह पार्टी ने नए चेहरे विक्रम पर भरोसा जताया है। वहीं, पूर्व बोर्ड में पार्षद रहे महावीर बोहरा की पत्नी मधुलता को वार्ड नंबर 12 से उम्मीदवार बनाया गया है। महावीर बोहरा को पूर्व विधायक मेवाराम जैन के विरोधी गुट से जुड़ा माना जाता है। कांग्रेस ने 51 वार्डों में उतारे प्रत्याशी, सुल्तानसिंह का टिकट कटा नगर निकाय चुनाव के लिए कांग्रेस ने बाड़मेर शहर के 55 वार्डों में से 51 वार्डों के प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए हैं। सोमवार को जारी हुई चार नामों की सूची में सुल्तानसिंह का टिकट कटना सबसे बड़ा बदलाव माना जा रहा है। सुल्तानसिंह चार बार पार्षद रह चुके हैं और उन्हें पूर्व विधायक मेवाराम जैन का करीबी माना जाता है। इस बार पार्टी ने उनकी जगह नए चेहरे विक्रम को मैदान में उतारा है। वहीं, पूर्व बोर्ड में पार्षद रहे महावीर बोहरा की पत्नी मधुलता को वार्ड नंबर 12 से कांग्रेस प्रत्याशी बनाया गया है। महावीर बोहरा पूर्व विधायक मेवाराम जैन के विरोधी गुट से जुड़े माने जाते हैं। कांग्रेस की ओर से नामों की घोषणा के बाद अब चुनावी तैयारियां तेज हो गई हैं। भाजपा में टिकट को लेकर पेंच, बगावत का भी डर उधर, भाजपा ने अभी तक बाड़मेर नगर परिषद चुनाव के लिए अपने प्रत्याशियों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की है। पार्टी में टिकट के दावेदारों की संख्या अधिक होने के कारण कई वार्डों में उम्मीदवारों के चयन को लेकर पेंच फंसा हुआ है। यही वजह है कि चौथे दिन भी भाजपा की सूची सामने नहीं आ सकी है। हालांकि, बगावत की आशंका को देखते हुए भाजपा ने संभावित प्रत्याशियों को फोन कर नामांकन दाखिल करने के निर्देश देना शुरू कर दिया है। सोमवार को नामांकन दाखिल करने का अंतिम दिन है। ऐसे में पार्टी की ओर से आधिकारिक सूची जारी किए बिना ही उम्मीदवारों को नामांकन दाखिल करने के लिए कहा जा रहा है। नामांकन के अंतिम दिन कलेक्ट्रेट में रहेगा मेले जैसा माहौल नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख होने के कारण सोमवार को बाड़मेर कलेक्ट्रेट में चुनावी गहमागहमी चरम पर रहने की संभावना है। प्रत्याशी अपने समर्थकों के साथ नामांकन दाखिल करने पहुंचेंगे। अंतिम दिन पांच घंटे के दौरान बड़ी संख्या में नामांकन होने की संभावना है, जिसके चलते कलेक्ट्रेट परिसर में मेले जैसा माहौल नजर आ सकता है। उप जिला निर्वाचन अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर रवीन्द्र कुमार ने बताया कि बाड़मेर नगर परिषद के 55 और चौहटन नगर पालिका के 20 वार्डों के लिए संबंधित उम्मीदवार सोमवार को नामांकन पत्र जमा करवा सकेंगे। उन्होंने उम्मीदवारों से अनुरोध किया है कि वे 31 अगस्त को दोपहर 3 बजे तक इंतजार करने के बजाय यथासंभव समय से पहले सभी आवश्यक दस्तावेज और आवेदन से संबंधित प्रविष्टियां पूरी करते हुए नामांकन पत्र जमा करवाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अंतिम तिथि के बाद किसी भी प्रकार की कमी-पूर्ति स्वीकार नहीं की जाएगी। 1 सितंबर को नामांकन पत्रों की होगी संवीक्षा उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार नगर निकाय चुनाव के नामांकन पत्रों की संवीक्षा 1 सितंबर को होगी। इसके बाद 3 सितंबर को दोपहर 3 बजे तक संबंधित उम्मीदवार अपनी अभ्यर्थिता वापस ले सकेंगे। अभ्यर्थिता वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 4 सितंबर को चुनाव चिह्नों का आवंटन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि बाड़मेर नगर परिषद में प्रथम चरण के तहत 9 सितंबर को मतदान होगा। वहीं, चौहटन नगर पालिका में दूसरे चरण के तहत 11 सितंबर को मतदान कराया जाएगा। मतदान का समय सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक निर्धारित किया गया है। कांग्रेस की ओर से 51 वार्डों में प्रत्याशियों के नाम सामने आने के बाद पार्टी का चुनावी खाका काफी हद तक साफ हो गया है। वहीं, भाजपा की सूची अब भी गोपनीय रखी गई है। ऐसे में नामांकन के अंतिम दिन दोनों प्रमुख दलों के उम्मीदवारों को लेकर बाड़मेर की सियासत में हलचल और तेज होने की संभावना है।