अपनी मांगों को लेकर चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर धरना दे रहे किसानों का संघर्ष जारी है। मंगलवार को किसानों ने खुले आसमान के नीचे जमीन पर सोकर रात गुजारी। रातभर धरना स्थल पर किसानों की मौजूदगी बनी रही। सुविधाओं के अभाव और मौसम की चुनौती के बावजूद किसानों के हौसले में कोई कमी नहीं आई। किसानों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं सुना जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। बिजली कटने पर फेज-11 में लगाया जाम, एक घंटे वाहन फंसे वहीं मंगलवार रात प्रशासन द्वारा धरना स्थल की बिजली आपूर्ति बंद किए जाने के विरोध में किसानों ने फेज-11 में सड़क जाम कर दिया। इस जाम के कारण करीब एक घंटे तक यातायात प्रभावित रहा, जिससे वाहन चालकों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बिजली बंद होने से किसान नाराज हो गए। उन्होंने इसके विरोध में फेज-11 में सड़क पर जाम लगा दिया। अचानक जाम लगने से आसपास के मार्गों पर भी दबाव बढ़ा। कई वाहन बीच रास्ते में फंस गए। मोगा के किसानों समिंदर सिंह, त्रिलोचन सिंह और इंदरजीत सिंह ने इसे अनुचित बताया। करीब एक घंटे बाद प्रशासन ने बिजली आपूर्ति बहाल कर दी। बिजली दोबारा शुरू होने के दस मिनट बाद किसानों ने जाम खोल दिया, जिसके बाद यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका।