यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव-2026 के दूसरे और अंतिम दिन इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में सजे प्रदर्शनी पंडाल में उत्तर प्रदेश की पारंपरिक कला और वस्त्रों की खूब धूम रही। बनारसी साड़ी, भदोही की कालीन और उन्नाव में सेना को सप्लाई होने वाली टेंट-दरी लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रही। प्रदर्शनी में बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने अलग-अलग स्टॉल पर लगे वस्त्रों को करीब से देखा और उनकी खासियत जानी। पारंपरिक हथकरघा उत्पादों के साथ आधुनिक तकनीक और वस्त्रोद्योग से जुड़े उत्पादों ने भी लोगों का ध्यान खींचा। कॉन्क्लेव का उद्देश्य उत्तर प्रदेश को वैश्विक वस्त्रोद्योग केंद्र के रूप में विकसित करना और प्रदेश के बुनकरों व वस्त्र उद्यमियों को नई संभावनाओं से जोड़ना रहा।