ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उनकी आर्थिकी मजबूत करने की दिशा में यूकोआरसेटी सिरमौर की ओर से शरली पंचायत में कैंडल मेकिंग प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया जा रहा है। 12 दिवसीय इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में क्षेत्र की 30 ग्रामीण महिलाएं भाग ले रही हैं। प्रशिक्षण का उद्देश्य महिलाओं को ऐसा हुनर उपलब्ध करवाना है, जिसके माध्यम से वे घर से ही स्वरोजगार शुरू कर अपनी आय बढ़ा सकें। 29 सितंबर तक चलने वाले प्रशिक्षण शिविर में महिलाओं को कंचन प्रशिक्षण दे रही हैं। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को मोमबत्ती बनाने की विभिन्न प्रक्रियाओं की जानकारी दी जा रही है। इसमें मोम को तैयार करने, बाती लगाने, सांचे में ढालने, रंग और खुशबू का इस्तेमाल करने के साथ आकर्षक डिजाइन तैयार करने जैसे व्यावहारिक पहलुओं पर प्रशिक्षण दिया जा रहा है। तैयार उत्पाद को बेहतर रूप देने और बाजार की मांग के अनुरूप कैंडल तैयार करने की जानकारी भी महिलाओं के लिए उपयोगी साबित हो रही है। संकाय सदस्य मनीषा चौहान ने बताया कि कैंडल मेकिंग ऐसा स्वरोजगार है, जिसे सीमित स्तर पर घर से शुरू किया जा सकता है। प्रशिक्षण के माध्यम से महिलाओं को उत्पाद तैयार करने के साथ उसे आकर्षक बनाने और स्थानीय स्तर पर बिक्री की संभावनाओं को समझने का अवसर भी मिल रहा है। त्योहारों, धार्मिक आयोजनों, उपहार और सजावट के लिए सजावटी मोमबत्तियों की मांग को देखते हुए महिलाएं इस हुनर को आय के साधन के रूप में अपना सकती हैं। प्रशिक्षण शिविर में शामिल महिलाओं को रहने और खाने-पीने की सुविधा निशुल्क उपलब्ध करवाई जा रही है। इससे ग्रामीण क्षेत्र की महिलाएं बिना अतिरिक्त खर्च की चिंता के प्रशिक्षण में नियमित रूप से भाग ले पा रही हैं। शिविर में व्यावहारिक प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि महिलाएं प्रशिक्षण पूरा करने के बाद सीखे गए हुनर का इस्तेमाल स्वरोजगार के लिए कर सकें।