उपमंडल रामपुर की भड़ावली पंचायत में रविवार को आयोजित ग्राम सभा में राजपुरा परियोजना से प्रभावित परिवारों के अधिकारों का मुद्दा प्रमुखता से उठा। ग्रामीणों ने परियोजना प्रभावितों को रोजगार, लाडा की राशि और रॉयल्टी में उनका हक दिलाने की मांग की। इसके अलावा पंचायत क्षेत्र में विकास कार्यों, स्वच्छता और नशामुक्त समाज के निर्माण को लेकर भी विस्तार से चर्चा हुई। ग्राम सभा की अध्यक्षता पंचायत प्रधान कृष्ण गोपाल भारद्वाज ने की। बैठक में ग्रामीणों ने राजपुरा परियोजना से प्रभावित क्षेत्रों की समस्याओं को सामने रखा। ग्रामीणों का कहना था कि परियोजना के कारण क्षेत्र को विभिन्न स्तरों पर नुकसान उठाना पड़ा है, ऐसे में प्रभावित परिवारों के लिए तय अधिकारों और विकास संबंधी प्रावधानों को प्रभावी ढंग से लागू किया जाना चाहिए। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि परियोजना प्रभावित परिवारों को रोजगार और लाडा के तहत मिलने वाली राशि का लाभ नहीं मिल रहा है। इसके साथ ही रॉयल्टी की राशि से भी प्रभावितों को उनका हक नहीं मिलने की बात ग्राम सभा में कही गई। ग्रामीणों के अनुसार परियोजना से सालाना करीब 18 से 20 करोड़ रुपये की आय होने के बावजूद प्रभावितों के अधिकारों को लेकर स्थिति संतोषजनक नहीं है। ग्राम सभा में परियोजना को लीज पर देने के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) जारी नहीं करने की मांग भी जोरदार तरीके से उठाई गई। ग्राम सभा में पंचायत क्षेत्र में चल रहे और प्रस्तावित विकास कार्यों की समीक्षा की गई। आगामी कार्ययोजना को लेकर भी ग्रामीणों से चर्चा हुई। पंचायत क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनाने और लोगों को साफ-सफाई के प्रति जागरूक करने पर जोर दिया गया। बैठक में युवाओं को नशे से दूर रखने और पंचायत को नशामुक्त बनाने के लिए सामूहिक प्रयास करने का आह्वान भी किया गया। ग्रामीणों ने कहा कि सामाजिक समस्याओं से निपटने के लिए पंचायत और स्थानीय लोगों को मिलकर काम करना होगा। ग्राम सभा में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा के बाद पंचायत स्तर पर आगामी रणनीति तैयार करने पर सहमति बनी। ग्रामीणों ने परियोजना प्रभावितों से जुड़े मुद्दों को संबंधित मंचों पर मजबूती से उठाने की बात कही। पंचायत प्रधान कृष्ण गोपाल भारद्वाज ने कहा कि राजपुरा परियोजना प्रभावितों का हक दिलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी सूरत में परियोजना को एनओसी नहीं दी जाएगी। जब तक प्रभावितों की मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाएगा।