सर्दियों का मौसम शुरू होने के साथ ही वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग सतर्क हो गया है। बिलासपुर जिले के झंडूता वन परिक्षेत्र में वन्यजीवों के अवैध शिकार पर नजर रखी जाएगी। वन परिक्षेत्र अधिकारी अजय कुमार ने लोगों से वन्यजीवों के संरक्षण में सहयोग करने और जंगलों में शिकार जैसी गतिविधियों की जानकारी तुरंत विभाग को देने की अपील की है। अजय कुमार ने कहा कि वन्यजीव प्राकृतिक पर्यावरण और जैव विविधता का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। उनकी सुरक्षा के लिए विभाग के साथ-साथ आम लोगों की भागीदारी भी जरूरी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि यदि किसी क्षेत्र में वन्यजीवों के अवैध शिकार की जानकारी मिलती है तो इसकी सूचना वन विभाग को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। अजय कुमार ने बताया कि हाल ही में दो से आठ अक्तूबर तक राष्ट्रीय वन्यजीव सप्ताह मनाया गया। इस दौरान वन मित्रों और वन अधिकारियों ने क्षेत्र के लोगों को वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक किया। जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से लोगों को वन्यजीवों के महत्व, उनकी सुरक्षा और अवैध शिकार से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। इसका उद्देश्य लोगों को वन्यजीव संरक्षण के प्रति जिम्मेदार बनाना और प्राकृतिक संपदा की रक्षा के लिए प्रोत्साहित करना रहा। वन परिक्षेत्र अधिकारी ने स्पष्ट किया कि वन्यजीवों का अवैध शिकार करना कानूनन अपराध है। यदि कोई व्यक्ति जंगलों में वन्यजीवों का शिकार करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सर्दियों के मौसम में वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत है। विभाग वन्यजीवों के संरक्षण के लिए निगरानी रखेगा और लोगों से भी इस अभियान में सहयोग करने का आग्रह किया गया है।