कुरुक्षेत्र। लक्ष्य तय कर कड़ी मेहनत व लग्न की जाए तो मुकाम पाया जा सकता है। यह कर दिखाया है गांव छपरा के राहुल सैनी ने, जिन्होंने आरबीआई में मैनेजर होते हुए हर रोज पांच घंटे पढ़ाई की और एचएसीएस परीक्षा पास करते हुए प्रदेश भर में सातवां रैंक हासिल किया। इससे न केवल परिवार बल्कि गांव में भी खुश की लहर दौड़ गई। वीरवार शाम को परिणाम जारी हुआ तो देर रात तक उन्हें बधाई देने वालों का सिलसिला जारी रहा। राहुल सैनी ने अपने स्व दादा का सपना पूरा किया है। उनका कहना है कि वे एचसीएस अधिकारी के रूप में ईमानदारी और निष्ठा से जनता की सेवा करेंगे और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे। बैंक में रहते हुए वे जनता की इस तर्ज पर सेवा नहीं कर पा रहे थे। इसी के चलते ही उन्होंने यह विकल्प चुनाव और तैयारी कर परीक्षा पास की। एचसीएस में चयन के बाद राहुल सैनी ने कहा कि यह सफलता पूरी तरह से "बिना खर्ची-बिना पर्ची" की पारदर्शी भर्ती प्रणाली का नतीजा है। उन्होंने कहा कि आज हरियाणा में युवाओं को उनकी मेहनत का फल मिल रहा है।सरकार ने जो पारदर्शी व्यवस्था बनाई है, उसी से मेरे जैसे एक सामान्य किसान परिवार के बेटे को एचसीएस अधिकारी बनने का मौका मिला है। उन्होंने युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि वे निराश न हों, लगातार मेहनत करें। आज का सिस्टम मेहनती युवाओं के साथ है। दादा का सपना था पोत्र बने बड़ा अफसर राहुल सैनी के दादा स्व. हरकेश चौधरी का सपना था कि उनका पौत्र बड़ा अधिकारी बने और समाज व देश की सेवा करे। उन्होंने एचसीएस अधिकारी बनकर अपने दादा के उस सपने को पूरा कर दिया है। राहुल सैनी ने कहा कि आज दादा जी शारीरिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनका आशीर्वाद और उनके बताए संस्कार हमेशा मेरे साथ हैं। यह सफलता उन्हें ही समर्पित है। एचएयू से ग्रेजुएशन और रुरल मैनेजमेंट में की मास्टर डिग्री राहुल सैनी ने चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार से बीएससी (एग्रीकल्चर) की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने देश के प्रतिष्ठित संस्थान गुजरात के इरमा से रूरल मैनेजमेंट में मास्टर डिग्री हासिल की। ग्रामीण पृष्ठभूमि और कृषि की समझ ने उन्हें हमेशा जमीन से जोड़े रखा। उनके पिता सतीश कुमार परिवहन विभाग से सीनियर लेखा अधिकारी के पद से 2020 में सेवानिवृत हुए हैं। उनकी माता उषा रानी एक कुशल गृहिणी हैं। नौकरी की तो हर रोज पांच घंटे पढ़ाई भी राहुल सैनी बताते हैं कि वर्ष 2021 में भारतीय रिजर्व बैंक में नौकरी ज्वाइन की थी। वे यह नौकरी करने के साथ-साथ रोजाना पांच घंटे यूपीएससी की तैयारी कर रहे थे। वे पिछले पांच साल से यूपीएससी की तैयारी में जुटे थे और अपने पहले ही प्रयास में यूपीएससी के इंटरव्यू तक पहुंचे थे। नियुक्त नहीं हो पाए, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने अपनी तैयारी जारी रखी और इसी बीच हरियाणा सिविल सर्विस की परीक्षा दी, जिसमें उन्होंने प्रदेश में 7वां स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।