प्रमाणपत्र फर्जीवाड़े में एसआईटी ने दो और लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें एक तहसील का बिचौलिया है और दूसरा उसका साथी मोबाइल की दुकान का संचालक शामिल है। तहसील के बिचौलिए ने ही प्रमाणपत्रों के सत्यापन में अपनी पहुंच से रिपोर्ट लगवाई थी। एसआईटी इस मामले में अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। एसआईटी अभी कुछ और लोगों को भी गिरफ्तार कर सकती है।