{"_id":"699090ac73ad5887470725fb","slug":"when-will-bnp-form-new-government-bangladesh-how-bnp-restore-peace-harmony-tariq-rahman-explains-2026-02-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"When BNP Will Form Govt: बांग्लादेश में नई सरकार कब, बीएनपी शांति-सद्भाव कैसे बहाल करेगी? तारिक रहमान ने बताया","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
When BNP Will Form Govt: बांग्लादेश में नई सरकार कब, बीएनपी शांति-सद्भाव कैसे बहाल करेगी? तारिक रहमान ने बताया
Sat, 14 Feb 2026 08:42 PM IST
हिमांशु चंदेल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ढाका
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ढाका
Published by: हिमांशु चंदेल
Updated Sat, 14 Feb 2026 08:42 PM IST
सार
बांग्लादेश में बीएनपी की प्रचंड जीत के बाद तारिक रहमान ने कानून व्यवस्था हर कीमत पर कायम रखने का ऐलान किया है। बीएनपी ने 209 सीटें जीतकर दो-तिहाई बहुमत पाया। नई कैबिनेट को चार दिन में शपथ दिलाई जा सकती है। शपथ प्रक्रिया में स्पीकर पद खाली होने से तकनीकी पेंच है।
विज्ञापन
बांग्लादेश में बीएनपी बनाएगी सरकार
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बांग्लादेश में प्रचंड बहुमत से जीत के बाद बीएनपी प्रमुख तारिक रहमान ने नई सरकार की प्राथमिकताएं साफ कर दी हैं। उन्होंने कहा है कि देश में कानून व्यवस्था हर कीमत पर कायम रखी जाएगी और किसी भी तरह की अराजकता बर्दाश्त नहीं होगी। साथ ही नई कैबिनेट के शपथ ग्रहण की तैयारी भी तेज हो गई है। अधिकारियों के अनुसार अगले चार दिनों के भीतर नई सरकार को शपथ दिलाई जा सकती है। चुनाव के बाद यह पहला बड़ा संकेत है कि नई सत्ता सुरक्षा और स्थिरता को शीर्ष एजेंडा बनाएगी।
बहुमत जीत के बाद सख्त संदेश
तारिक रहमान ने प्रेस वार्ता में कहा कि 13वें आम चुनाव ने सुरक्षित और मानवीय बांग्लादेश बनाने का नया अध्याय खोला है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग विचार हो सकते हैं, लेकिन देशहित में एकता जरूरी है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि कानून व्यवस्था हर हाल में लागू रहेगी और किसी भी तरह का अन्याय या अव्यवस्था स्वीकार नहीं होगी। उन्होंने जीत को जनता की जीत बताया और कहा कि सीधे मतदान से जवाबदेह संसद और सरकार की वापसी हुई है।
दो-तिहाई बहुमत, बदला सियासी नक्शा
चुनाव आयोग के अनुसार बीएनपी ने 297 में से 209 सीटें जीती हैं और दो-तिहाई से ज्यादा बहुमत हासिल किया है। जमात-ए-इस्लामी 68 सीटों के साथ मुख्य विपक्ष के रूप में उभरी है। शेख हसीना की अवामी लीग को अंतरिम व्यवस्था के फैसले के तहत चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं दी गई। मतदान प्रतिशत 59.44 दर्ज किया गया। दो सीटों के नतीजे रोके गए हैं, जबकि एक सीट पर उम्मीदवार की मृत्यु के कारण चुनाव टाल दिया गया। लंबे राजनीतिक खालीपन और अस्थिरता के बाद यह चुनाव अहम माना जा रहा है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- Bangladesh: चुनाव के बाद बांग्लादेश में हिंसा, चपैनवाबगंज में बम धमाका; पांच लोगों के हताहत होने की खबर
चार दिन में नई कैबिनेट की शपथ संभव
अधिकारियों के मुताबिक राष्ट्रपति मोहम्मद शाहाबुद्दीन नई कैबिनेट को अगले चार दिनों के भीतर शपथ दिला सकते हैं। शपथ समारोह राष्ट्रपति भवन बंगभवन में होगा। कैबिनेट सचिव शेख अब्दुर राशिद ने कहा कि तारीख अभी तय नहीं है, लेकिन संवैधानिक प्रक्रिया के तहत तैयारी जारी है। बीएनपी सूत्रों के अनुसार शपथ ग्रहण 16 या 17 फरवरी को हो सकता है। राजपत्र अधिसूचना जारी होने के बाद निर्वाचित सांसदों को तीन दिन के भीतर शपथ लेना जरूरी है।
संसद सदस्यों को शपथ आम तौर पर स्पीकर दिलाते हैं, लेकिन पिछली संसद की स्पीकर ने इस्तीफा दे दिया है और उनका ठिकाना सार्वजनिक नहीं है। डिप्टी स्पीकर जेल में हैं। ऐसी स्थिति में संवैधानिक प्रावधान के तहत राष्ट्रपति किसी अन्य अधिकृत व्यक्ति को सांसदों को शपथ दिलाने की जिम्मेदारी दे सकते हैं। कानूनी और प्रशासनिक स्तर पर इस विकल्प पर विचार चल रहा है ताकि प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके।
विदेश नीति और क्षेत्रीय सहयोग पर संकेत
तारिक रहमान ने कहा कि नई सरकार की विदेश नीति बांग्लादेश और उसकी जनता के बड़े हित पर आधारित होगी। चीन, भारत और पाकिस्तान के साथ संबंध भी इसी आधार पर तय होंगे। बेल्ट एंड रोड जैसी परियोजनाओं पर वही कदम उठाया जाएगा जो राष्ट्रीय हित में होगा। उन्होंने सार्क को फिर सक्रिय करने की इच्छा जताई और कहा कि मित्र देशों से बात कर इसे पुनर्जीवित करने की कोशिश की जाएगी। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से सहयोग और जिम्मेदार भूमिका निभाने की अपील की।
अन्य वीडियो-
विज्ञापन
बहुमत जीत के बाद सख्त संदेश
तारिक रहमान ने प्रेस वार्ता में कहा कि 13वें आम चुनाव ने सुरक्षित और मानवीय बांग्लादेश बनाने का नया अध्याय खोला है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग विचार हो सकते हैं, लेकिन देशहित में एकता जरूरी है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि कानून व्यवस्था हर हाल में लागू रहेगी और किसी भी तरह का अन्याय या अव्यवस्था स्वीकार नहीं होगी। उन्होंने जीत को जनता की जीत बताया और कहा कि सीधे मतदान से जवाबदेह संसद और सरकार की वापसी हुई है।
विज्ञापन
दो-तिहाई बहुमत, बदला सियासी नक्शा
चुनाव आयोग के अनुसार बीएनपी ने 297 में से 209 सीटें जीती हैं और दो-तिहाई से ज्यादा बहुमत हासिल किया है। जमात-ए-इस्लामी 68 सीटों के साथ मुख्य विपक्ष के रूप में उभरी है। शेख हसीना की अवामी लीग को अंतरिम व्यवस्था के फैसले के तहत चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं दी गई। मतदान प्रतिशत 59.44 दर्ज किया गया। दो सीटों के नतीजे रोके गए हैं, जबकि एक सीट पर उम्मीदवार की मृत्यु के कारण चुनाव टाल दिया गया। लंबे राजनीतिक खालीपन और अस्थिरता के बाद यह चुनाव अहम माना जा रहा है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- Bangladesh: चुनाव के बाद बांग्लादेश में हिंसा, चपैनवाबगंज में बम धमाका; पांच लोगों के हताहत होने की खबर
चार दिन में नई कैबिनेट की शपथ संभव
अधिकारियों के मुताबिक राष्ट्रपति मोहम्मद शाहाबुद्दीन नई कैबिनेट को अगले चार दिनों के भीतर शपथ दिला सकते हैं। शपथ समारोह राष्ट्रपति भवन बंगभवन में होगा। कैबिनेट सचिव शेख अब्दुर राशिद ने कहा कि तारीख अभी तय नहीं है, लेकिन संवैधानिक प्रक्रिया के तहत तैयारी जारी है। बीएनपी सूत्रों के अनुसार शपथ ग्रहण 16 या 17 फरवरी को हो सकता है। राजपत्र अधिसूचना जारी होने के बाद निर्वाचित सांसदों को तीन दिन के भीतर शपथ लेना जरूरी है।
संसद सदस्यों को शपथ आम तौर पर स्पीकर दिलाते हैं, लेकिन पिछली संसद की स्पीकर ने इस्तीफा दे दिया है और उनका ठिकाना सार्वजनिक नहीं है। डिप्टी स्पीकर जेल में हैं। ऐसी स्थिति में संवैधानिक प्रावधान के तहत राष्ट्रपति किसी अन्य अधिकृत व्यक्ति को सांसदों को शपथ दिलाने की जिम्मेदारी दे सकते हैं। कानूनी और प्रशासनिक स्तर पर इस विकल्प पर विचार चल रहा है ताकि प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके।
विदेश नीति और क्षेत्रीय सहयोग पर संकेत
तारिक रहमान ने कहा कि नई सरकार की विदेश नीति बांग्लादेश और उसकी जनता के बड़े हित पर आधारित होगी। चीन, भारत और पाकिस्तान के साथ संबंध भी इसी आधार पर तय होंगे। बेल्ट एंड रोड जैसी परियोजनाओं पर वही कदम उठाया जाएगा जो राष्ट्रीय हित में होगा। उन्होंने सार्क को फिर सक्रिय करने की इच्छा जताई और कहा कि मित्र देशों से बात कर इसे पुनर्जीवित करने की कोशिश की जाएगी। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से सहयोग और जिम्मेदार भूमिका निभाने की अपील की।
अन्य वीडियो-