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तीन महीने बाद क्यूबा पहुंचा रूसी तेल टैंकर: आर्थिक संकट के बीच मिली राहत; अमेरिकी प्रतिबंधों का कर रहा सामना

Tue, 31 Mar 2026 07:54 PM IST
Nirmal Kant वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, हवाना
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, हवाना Published by: Nirmal Kant Updated Tue, 31 Mar 2026 07:54 PM IST
सार

पहले से गहरे आर्थिक संकट का सामना कर रहे क्यूबा को राहत मिली है। तीन महीने बाद रूस का तेल टैंकर उसके बंदरगाह पर पहुंचा। प्रतिबंधों के बावजूद अमेरिका ने इस तेल टैंकर को आगे बढ़ने की अनुमति दी थी। पढ़िए रिपोर्ट-

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Russian ship carrying oil docks in Cuba, allowed to proceed despite US energy blockade
क्यूबा पहुंचा रूसी जहाज अनातोली कोलोदकिन - फोटो : एक्स/ Vicente de la O Levy

विस्तार

रूसी जहाज अनातोली कोलोदकिन मंगलवार को क्यूबा के मंटाजास बंदरगाह पर पहुंचा। जहाज 730,000 बैरल तेल से लदा हुआ था। तीन महीनों में यह पहली बार है, जब कोई तेल टैंकर इस द्वीप पर पहुंचा। अमेरिका के डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने क्यूबा पर ऊर्जा संबंधी प्रतिबंध लगाए हुए। हालांकि, इन प्रतिबंधों के बावजूद उसने तेल की खेप को आगे बढ़ने की अनुमति दी। 

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तेल टैंकर के आगमन पर क्यूबा में खुशी
ऊर्जा और खनन मंत्री विसेंट डे ला ओ लेवी समेत क्यूबा वासियों ने जहाज के आगमन पर खुशी जताई। ईंधन की कमी ने क्यूबा के पहले से गहरे आर्थिक संकट को और बढ़ाया है, जिसके चलते लोग लंबे समय से बिजली कटौती, भोजन व दवाइयों की गंभीर कमी का सामना करना रहे हैं। डी ला ओ लेवी ने एक्स पर लिखा, हम रूसी सरकार और जनता के समर्थन के लिए आभारी हैं। यह एक अहम आपूर्ति है, जो हमारे सामने जटिल उर्जा संकट के समय आई है। 
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क्यूबा अपने लिए जरूरी ईंधन का मुश्किल से 40 फीसदी ही उत्पादन करता है और अपने ऊर्जा ग्रिड को बनाए रखने के लिए आयात पर निर्भर है। विशेषज्ञों का कहना है कि अनुमानित खेप से करीब 180,000 बैरल डीजल का उत्पादन हो सकता है, जो क्यूबा की नौ या दस दिनों की दैनिक मांग को पूरा कर सकता है। 

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क्यूबा के उप विदेश मंत्री ने क्या कहा?
क्यूबा के उप विदेश मंत्री कार्लोस फर्नांडीज डी कॉसियो ने एक्स पर लिखा, किसी देश में तेल टैंकर का आगमन शायद इतना सुर्खियों में कभी नहीं रहा, जितना रूस के टैंकर का क्यूबा में। यह दर्शाता है कि क्यूबा को कितने सख्त प्रतिबंदों का सामना करना पड़ रहा है। यह दिखाता है कि उन पर किस तरह की क्रूरता की गई है, जो किसी पर हावी नहीं होने देते। 


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वेनेजुएला से तेल आपूर्ति बंद होने से बढ़ीं मुश्किलें
पहले क्यूबा का ज्यादातर तेल वेनेज़ुएला से आता था। लेकिन जनवरी में अमेरिका ने दक्षिण अमेरिकी देश पर हमला किया और उसके नेता को गिरफ्तार किया, तब से वेनेजुएला से आपूर्ति रुक गई। इसके बाद मैक्सिको ने भी क्यूबा को तेल भेजना बंद कर दिया, क्योंकि ट्रंप ने जनवरी के अंत में चेतावनी दी थी कि जो भी देश क्यूबा को तेल देगा, उस पर टैरिफ लगाया जा सकता है।

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