Pakistan: पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में सिख विवाह अधिनियम 2024 लागू, कैबिनेट मंत्री ने फैसले को बताया ऐतिहासिक
Pakistan: सिख विवाह अधिनियम 2024 के तहत सिख समुदाय के 18 वर्ष या इससे अधिक आयु वर्ग के जोड़े विवाह और तलाक का पंजीकरण करवा सकते हैं। पंजाब प्रांत के पहले सिख मंत्री सरदार समेश सिंह अरोड़ा ने इसे ऐतिहासिक दिन करार दिया है।
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पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की सरकार ने सिख विवाह अधिनियम 2024 को लागू कर दिया है। इसके तहत सिख समुदाय के 18 वर्ष या इससे अधिक आयु वर्ग के जोड़े विवाह और तलाक का पंजीकरण करवा सकते हैं। प्रांतीय मंत्रिमंडल ने मुख्यमंत्री मरियम नवाज की अध्यक्षता में एक बैठक की। इस दौरान पंजाब सिख आनंद कारज विवाह रजिस्ट्रार और विवाह नियम 2024 को मंजूरी दे दी।
आज का दिन ऐतिहासिक- रमेश सिंह अरोड़ा
पंजाब प्रांत के पहले सिख मंत्री सरदार समेश सिंह अरोड़ा ने इसे ऐतिहासिक दिन करार दिया है। उन्होंने कहा ‘आज पंजाब विश्व का पहला ऐसा प्रांत बन गया है, जहां पंजाब सिख विवाह अधिनियम लागू किया गया है।’ उन्होंने आगे कहा कि दूसरे प्रांतों में रह रहे सिख समुदाय के लोग भी अपने विवाह का पंजीकरण कराने के लिए पंजाब प्रांत आ सकते हैं। उन्होंने दावा किया कि आने वाले कुछ महीने में मंत्रिमंडल के समक्ष हिंदू विवाह अधिनियम भी रखा जाएगा।
‘विद्यालयों के पाठ्यक्रम में भी होगा बदलाव’
अरोड़ा के अनुसार ‘वर्ष 2017 से सिख विवाह अधिनियम की स्वीकृति का इंतजार किया गया है। पंजाब प्रांत की सरकार विद्यालयों के पाठ्यक्रमों ने नफरत से जुड़े पाठों को हटाएगी और इनकी जगह शांति की स्थापना करने वाले पाठ्यक्रमों को शामिल किया जाएगा।’ सिख विवाह अधिनियम के अनुसार विवाह करने वाले युवक और युवती की आयु 18 वर्ष या इससे अधिक होनी चाहिए। अगर विवाह में कोई व्यवधान आता है तो पांच सदस्यीय संगत द्वारा इसका हल निकाला जाएगा।