फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   nepal Politics: UML leader Bimala Rai Paudyal resigned from post of foreign minister

Nepal Politics: नेपाल में सियासी अस्थिरता के लिए दोषी हैं ‘बिन बुलाए मेहमान’?

Fri, 03 Mar 2023 03:36 PM IST
Harendra Chaudhary वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडो
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडो Published by: Harendra Chaudhary Updated Fri, 03 Mar 2023 03:36 PM IST
सार

Nepal Politics: पौडयाल कुल 42 दिन विदेश मंत्री रहीं। उन्होंने अपने बयान में आरोप लगाया कि बिन बुलाए विदेशी मेहमानों ने यहां आकर राजनीतिक अस्थिरता की जमीन तैयार की। साथ ही उन्होंने कहा कि नेपाल के राजनेताओं ने भी कूटनीतिक आचार संहिता का उल्लंघन किया है...

विज्ञापन
nepal Politics: UML leader Bimala Rai Paudyal resigned from post of foreign minister
Nepal Politics- Bimala Rai Paudyal - फोटो : Agency (File Photo)

विस्तार

कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (यूएमएल) की नेता विमला राय पौडयाल ने इसी हफ्ते देश के विदेश मंत्री पद से इस्तीफा दिया। प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहल की सरकार से यूएमएल के अलग होने की घोषणा के बाद पौडयाल ने अपना पद छोड़ा। लेकिन उसके पहले उन्होंने संसद में एक महत्त्वपूर्ण बयान दिया। उस बयान को लेकर देश के कूटनीतिक हलकों में अभी भी चर्चा जारी है।   

विज्ञापन

पौडयाल कुल 42 दिन विदेश मंत्री रहीं। उन्होंने अपने बयान में आरोप लगाया कि बिन बुलाए विदेशी मेहमानों ने यहां आकर राजनीतिक अस्थिरता की जमीन तैयार की। साथ ही उन्होंने कहा कि नेपाल के राजनेताओं ने भी कूटनीतिक आचार संहिता का उल्लंघन किया है। हाल में प्रधानमंत्री दहल यूएमएल के नेतृत्व वाले गठबंधन से नाता तोड़ कर फिर से नेपाली कांग्रेस से जा मिले। समझा जाता है कि पौडयाल ने इस घटनाक्रम के लिए अमेरिकी और भारतीय कूटनीतिकों के हस्तक्षेप को जिम्मेदार ठहराया है।

विज्ञापन

दहल के नेतृत्व में बीते 25 दिसंबर को यूएमएल के नेतृत्व में बने नए सात दलों के गठबंधन की सरकार बनी थी। इस सरकार के कार्यकाल में खास कर अमेरिका के कई उच्चस्तरीय अधिकारियों ने नेपाल की यात्रा की। अमेरिका की उप विदेश मंत्री विक्टोरिया नुलैंड, अमेरिकी एजेंसी यूएसएड की प्रशासक समंता पॉवर, और दक्षिण एशियाई मामलों की सहायक विदेश मंत्री आफरीन अख्तर ने दो महीनों के अंदर नेपाल का दौरा किया। इन तीनों ने यहां वरिष्ठ राजनेताओं और अधिकारियों के साथ लंबी बातचीत की थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

इस बीच भारत के विदेश सचिव विनय मोहन क्वात्रा ने भी नेपाल की यात्रा की। यहां उनकी नेपाल के विदेश सचिव भरत राज पौडयाल से विस्तृत वार्ता हुई थी। इसके अलावा क्वात्रा ने लगभग दर्जन भर राजनेताओं से मुलाकात की थी।

विमला पौडयाल ने आरोप लगाया है कि कई राजनेताओं ने विदेशी अधिकारियों से मुलाकात के लिए तय नियम का उल्लंघन किया। उन्होंने कहा- ‘मंत्रिमंडल इसे अनिवार्य कर चुका है कि विदेशी नेताओं, कूटनीतिकों और अधिकारियों के साथ नेपाल के राजनेताओं की मुलाकात के दौरान नेपाल के विदेश मंत्रालय के अधिकारी मौजूद रहें। लेकिन हमारे नेताओं ने इस प्रावधान का ईमानदारी से पालन नहीं किया।’ पौडयाल का इशारा यह है कि अकेले में विदेशी अधिकारियों से हुई बातचीत के दौरान ही दहल को पाला बदलने के लिए प्रेरित किया गया।

विश्लेषकों के मुताबिक नेपाल की राजनीति में बड़े देशों के हस्तक्षेप की शिकायत पहले भी रही है। इसलिए पौडयाल के आरोप को गंभीरता से लिया गया है। यूएमएल इसे अब मुद्दा बनाने की कोशिश में है। पार्टी के नेता और पूर्व विदेश मंत्री प्रदीप गयावली ने कहा है कि हालांकि उन्हें पौडयाल के बयान की जानकारी नहीं है, लेकिन पिछले दिनों विदेशी अधिकारियों ने नेपाल की ‘अवांछित यात्राएं’ कीं और उस दौरान उन विषयों पर चर्चा की गई, जो नेपाल की प्राथमिकता नहीं हैं।

गयावली ने कहा- ‘अमेरिकी अधिकारियों ने धार्मिक अधिकारों के नाम पर तिब्बती मामलों की चर्चा की जो हमारी प्राथमिकता नहीं है। अमेरिका के साथ हमारा संबंध सुरक्षा सहयोग के लिए नहीं है, लेकिन अब ऐसा ही संकेत मिलने लगा है। भारतीय विदेश सचिव का नेपाल आना वैसे ठीक है, लेकिन जिस तरह वे वहां बड़े और दूसरे दर्जे के राजनेताओं से मिले, वह सचमुच चिंता की बात है।’

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed