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Pakistan: खुद आतंक को पालने-पोसने वाले पाकिस्तान को इस आतंकी संगठन से लग रहा डर, गृह मंत्री ने संसद में बताया
Wed, 03 Jan 2024 01:26 PM IST
काव्या मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Wed, 03 Jan 2024 01:26 PM IST
सार
मंत्रालय की ओर से संसद को अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की वापसी के बाद टीटीपी की बढ़ती गतिविधियों के बारे में जानकारी दी गई। प्रतिबंधित समूह के खिलाफ तालिबान नीत अंतरिम अफगान सरकार की निष्क्रियता के बारे में भी बताया गया।
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पाकिस्तान में पांव जमाने की कोशिश कर रहा इस्लामिक स्टेट
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
पाकिस्तान को अब खुद की ही करतूतों की वजह से डर लग रहा है। आतंक को पालने-पोसने वाले पाकिस्तान को एक आतंकी संगठन से डर लग रहा है। दरअसल, अशांत खैबर पख्तूनख्वा क्षेत्र में बड़ी संख्या में तहरीक-ए-तालिबान आतंकवादियों की आमद के बीच पाकिस्तान के सामने इस्लामिक स्टेट (आईएसआईएस) की ओर से भी खतरा बना हुआ है। आईएसआईएस देश में अपने पांव जमाने की कोशिश कर रहा है। यह बात पाकिस्तान के गृह मंत्रालय ने कही।
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टीटीपी की बढ़ रहीं गतिविधियां
मंत्रालय की ओर से संसद को अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की वापसी के बाद तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) की बढ़ती गतिविधियों के बारे में जानकारी दी गई। प्रतिबंधित समूह के खिलाफ तालिबान नीत अंतरिम अफगान सरकार की निष्क्रियता के बारे में भी संसद को बताया गया।
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गृह मंत्रालय ने दी सूचना
गृह मंत्रालय ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में 2022 की शांति वार्ता के दौरान टीटीपी के नए सिरे से संगठित होने और उसकी गतिविधियों में विस्तार के बारे में सूचना साझा की, जिसने अपनी आतंकी गतिविधियों को बढ़ा दिया है।
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बलूचिस्तान में भी बढ़ रहा आतंक
उसने कहा, ‘टीटीपी ने अपनी गतिविधियों में काफी इजाफा कर दिया है और अपनी क्षमताओं को मजबूत करने के लिए दूसरे चरमपंथी समूहों का समर्थन जुटाने की कोशिश कर रहा है। इसकी गतिविधियां विशेष रूप से खैबर पख्तूनख्वा में केंद्रित हैं और बलूचिस्तान में भी इसके निशान दिखाई दे रहे है। यह संगठन देश में अपने नेटवर्क को सक्रिय करने के लिए प्रयासरत है।’