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India-US: राजदूत क्वात्रा ने की अमेरिकी ऊर्जा उप सचिव से मुलाकात, भारत-यूएस ऊर्जा साझेदारी को मिली नई रफ्तार
Sat, 25 Oct 2025 08:11 PM IST
शिव शुक्ला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: शिव शुक्ला
Updated Sat, 25 Oct 2025 08:11 PM IST
सार
भारत और अमेरिका के बीच ऊर्जा व्यापार और संबंधों को लेकर चर्चा हुई है। अमेरिका में भारत के दूत विनय मोहन क्वात्रा ने अमेरिकी ऊर्जा उपसचिव जेम्स डैनली से मुलाकात की। दोनों ने ऊर्जा सुरक्षा साझेदारी और हाल की व्यापार गतिविधियों पर बात की। बता दें कि भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौता लगभग अंतिम चरण में है।अब तक पांच दौर की बातचीत हो चुकी है।
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अमेरिकी ऊर्जा उप सचिव जेम्स डैनली और वॉशिंगटन में भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा
- फोटो : X @AmbVMKwatra
विस्तार
अमेरिका में भारतीय राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने शनिवार को अमेरिकी ऊर्जा उप सचिव जेम्स डैनली से मुलाकात की। दोनों के बीच यह मुलाकात भारत-अमेरिका ऊर्जा सुरक्षा साझेदारी और ऊर्जा व्यापार एवं संबंधों में हालिया घटनाक्रमों पर केंद्रित रही। क्वात्रा ने इस मुलाकात को लेकर अपने एक्स हैंडल पर लिखा, भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते की पृष्ठभूमि में हुई यह बातचीत बेहद सार्थक और उपयोगी रही।
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यह बातचीत अमेरिकी राष्ट्रपति के ओवल ऑफिस में दिवाली समारोह के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ भारत के रूसी तेल आयात पर बात करने के दावे के तुरंत बाद हुई। दोनों के बीच यह मुलाकात ऐसे वक्त में हुई जब भारत और अमेरिका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौता लगभग अंतिम चरण में है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को बताया, जहां तक समझौते का सवाल है, हम इसके के बेहद करीब हैं।
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अमेरिकी एयरोस्पेस दिग्गज लॉकहीड मार्टिन के सीईओ से की आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्यों पर चर्चा
क्वात्रा ने अमेरिकी एयरोस्पेस दिग्गज लॉकहीड मार्टिन के सीईओ जिम टिकलेट से मुलाकात की। क्वात्रा ने एक्स हैंडल पर लिखा, लॉकहीड मार्टिन के सीईओ जिम टिकलेट से भारत-अमेरिका औद्योगिक सहयोग पर खासकर हमारे आत्मनिर्भर भारत लक्ष्यों के तहत बहुत ही सार्थक और उपयोगी बातचीत हुई, जहां अमेरिकी रक्षा कंपनियां, खासकर अमेरिकी एयरोस्पेस दिग्गज लॉकहीड मार्टिन देश के आत्मनिर्भरता अभियान में अहम भूमिका निभा रही हैं। लॉकहीड मार्टिन मैरीलैंड के बेथेस्डा में मुख्यालय वाली अमेरिकी एयरोस्पेस दिग्गज लॉकहीड मार्टिन एक वैश्विक सुरक्षा और एयरोस्पेस कंपनी है जो मुख्य रूप से उन्नत प्रौद्योगिकी प्रणालियों, उत्पादों और सेवाओं के अनुसंधान, डिजाइन, विकास, निर्माण, एकीकरण और रखरखाव में लगी हुई है। लॉकहीड मार्टिन की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, लॉकहीड मार्टिन बीते 30 वर्षों से भारत में सक्रिय है। कंपनी ने 2008 में नई दिल्ली में अपना भारतीय दफ्तर खोला था। तब से यह मेक इन इंडिया, स्टार्टअप इंडिया और स्किल इंडिया जैसे सरकारी अभियानों के साथ जुड़कर स्थानीय निर्माण और नवाचार को बढ़ावा दे रही है।भारत और लॉकहीड मार्टिन की साझेदारी का एक बड़ा उदाहरण सी-130J सुपर हरक्यूलिस विमान है। भारतीय वायुसेना (आईएफ) के पास ऐसे 12 विमान हैं।
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द्विपक्षीय हाइड्रोकार्बन व्यापार विस्तार पर भी हुई बात
इससे पहले क्वात्रा ने बृहस्पतिवार को टेनेसी के रिपब्लिकन सीनेटर बिल हैगर्टी और उनकी पत्नी क्रिसी की मेजबानी की थी। इस दौरान दोनों के बीच द्विपक्षीय साझेदारी और चल रहे व्यापार समझौते पर विस्तार से बात हुई। इसके साथ ही द्विपक्षीय हाइड्रोकार्बन व्यापार का विस्तार करने और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में साझा चुनौतियों का समाधान करने के लिए मिलकर काम करने के तरीकों पर भी बात की।
व्यापार समझौते की समय-सीमा तय
इस साल फरवरी में दोनों देशों के नेताओं ने अधिकारियों को एक प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) पर बातचीत करने का निर्देश दिया था। उन्होंने समझौते के पहले चरण को 2025 की शरद ऋतु (अक्तूबर-नवंबर) तक पूरा करने की समय सीमा तय की है। इसे लेकर अब तक पांच दौर की वार्ता पूरी हो चुकी है। बीते महीने ही वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने न्यूयॉर्क में व्यापार वार्ताओं का नेतृत्व किया। ये बातचीत इसलिए भी अहम हैं क्योंकि ट्रंप प्रशासन के भारतीय वस्तुओं पर 50 फीसदी का भारी शुल्क लगाने के बाद से दोनों देशों के बीच संबंध गंभीर तनाव में हैं। इसमें रूसी कच्चा तेल खरीदने पर 25 फीसदी अतिरिक्त आयात शुल्क भी शामिल है। भारत ने इन शुल्कों को अनुचित, अन्यायपूर्ण और अव्यवहारिक करार दिया है।