भारत के प्रति एकजुटता: जर्मनी ने पहलगाम आतंकी हमले की कड़ी निंदा की, भारत की कार्रवाई को बताया 'संतुलित'
जर्मनी के कोनराड एडेनावर फाउंडेशन के क्रिश्चियन एचल ने पहलगाम आतंकी हमले पर भारत के प्रति गहरी संवेदना जताई और भारत की प्रतिक्रिया को संतुलित बताया। उन्होंने रविशंकर प्रसाद के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल संग भारत-जर्मनी सहयोग व आतंकवाद पर सार्थक चर्चा की।
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जर्मनी में कोनराड एडेनावर फाउंडेशन के एशिया-प्रशांत विभाग के प्रमुख क्रिश्चियन एचल ने पहलगाम आतंकी हमले को लेकर गहरा दुख जताते हुए भारत के प्रति एकजुटता दिखाई है। एक न्यूज एजेंसी से बातचीत के दौरान एचल ने पहलगाम आतंकी हमले के पूरी तरह से डरा देने वाला बताया और कहा कि भारत ने इस हमले के बाद संतुलित प्रतिक्रिया दी है।
साथ ही उन्होंने उम्मीद जताई कि इस संघर्ष का समाधान शांति के रास्ते से निकलेगा। एचल ने कहा कि हम भारतीय जनता के साथ पूरी एकजुटता में हैं। यह हमला बहुत चौंकाने वाला था। हमें यह चिंता भी है कि कहीं इससे हिंसा और न फैले। लेकिन भारत की प्रतिक्रिया संतुलित रही।
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भारत-जर्मनी सहयोग पर बातचीत
क्रिश्चियन एचल ने भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद के नेतृत्व में आई भारतीय सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल के साथ सकारात्मक बातचीत की। इस प्रतिनिधिमंडल में कांग्रेस के अमर सिंह, शिवसेना (यूबीटी) की प्रियंका चतुर्वेदी, एआईएडीएमके के एम थंबीदुरई, बीजेपी के एमजे अकबर, दग्गुबाती पुरंदेश्वरी, गुलाम अली खटाना, समिक भट्टाचार्य और पूर्व राजनयिक पंकज सारण शामिल थे।
बातचीत में पहलगाम हमला, भारत-जर्मनी सहयोग और आतंकवाद जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। एचल ने कहा कि यह बहुत खुली और सकारात्मक बातचीत थी। हमने भारत-जर्मनी सहयोग, खासकर हाल के वर्षों में इसमें आए विकास पर चर्चा की।
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ऑपरेशन सिंदूर से भारत का सख्त संदेश
गौरतलब है कि यह प्रतिनिधिमंडल ऑपरेशन ‘सिंदूर’ के बाद भारत की वैश्विक कूटनीतिक पहल का हिस्सा है। ऑपरेशन सिंदूर, भारत की तरफ से 7 मई को शुरू किया गया था, जो 22 अप्रैल को पाकिस्तान प्रायोजित आतंकियों की तरफ से जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में किए गए हमले के जवाब में किया गया। इस हमले में 26 लोगों की मौत हुई थी और कई घायल हुए थे।
इसके जवाब में भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर (PoJK) में आतंकी ठिकानों पर सटीक हमले किए, जिसमें जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिद्दीन जैसे आतंकी संगठनों के 100 से ज्यादा आतंकियों को मार गिराया गया।