{"_id":"62c6c4b617aac835121345e4","slug":"china-criticises-pm-modi-blinken-for-greeting-dalai-lama-on-his-87th-birthday","type":"story","status":"publish","title_hn":"China On Dalai Lama: दलाई लामा को पीएम मोदी की बधाई पर चिढ़ा चीन, भारत को नसीहत देने की कोशिश, ब्लिंकन को भी घेरा","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
China On Dalai Lama: दलाई लामा को पीएम मोदी की बधाई पर चिढ़ा चीन, भारत को नसीहत देने की कोशिश, ब्लिंकन को भी घेरा
Thu, 07 Jul 2022 05:04 PM IST
Amit Mandal
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
Published by: Amit Mandal
Updated Thu, 07 Jul 2022 05:04 PM IST
सार
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियन ने एक मीडिया ब्रीफिंग में कहा- भारतीय पक्ष को 14 वें दलाई लामा के चीन विरोधी अलगाववादी स्वभाव को पूरी तरह से पहचानना चाहिए।
विज्ञापन
दलाई लामा
- फोटो : ट्विटर
विस्तार
चीन ने गुरुवार को तिब्बती आध्यात्मिक नेता दलाई लामा को उनके 87वें जन्मदिन पर बधाई देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना करते हुए कहा कि भारत को चीन के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने के लिए तिब्बत से संबंधित मुद्दों का इस्तेमाल बंद कर देना चाहिए। बुधवार को 87 वर्ष के होने पर पीएम मोदी ने दलाई लामा को फोन पर बधाई दी। मोदी ने बुधवार को ट्वीट किया, "आज फोन पर परम पावन दलाई लामा को 87वें जन्मदिन की बधाई दी। हम उनके लंबे जीवन और अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना करते हैं।" प्रधानमंत्री ने पिछले साल भी उन्हें उनके जन्मदिन पर बधाई दी थी।
विज्ञापन
समर्थकों ने धर्मशाला में दलाई लामा का जन्मदिन मनाया
दलाई लामा के समर्थकों ने धर्मशाला में जन्मदिन मनाया जहां दलाई लामा निर्वासन में रहते हैं। पीएम मोदी के अभिवादन पर एक सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियन ने एक मीडिया ब्रीफिंग में कहा- भारतीय पक्ष को 14 वें दलाई लामा के चीन विरोधी अलगाववादी स्वभाव को पूरी तरह से पहचानना चाहिए। चीन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का पालन करना चाहिए, समझदारी से बोलना और कार्य करना चाहिए और चीन के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करने के लिए तिब्बत से संबंधित मुद्दों का उपयोग करना बंद कर देना चाहिए। उन्होंने दलाई लामा का अभिवादन करने के लिए अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन पर भी निशाना साधा।
विज्ञापन
ब्लिंकन ने भी दी बधाई
अपने अभिवादन में ब्लिंकन ने कहा, "परम पावन शांति को बढ़ावा देने, अंतर-धार्मिक सद्भाव को प्रोत्साहित करने और तिब्बती भाषा और संस्कृति के संरक्षण की वकालत करके अपने साथी तिब्बतियों और दुनिया भर में कई लोगों के लिए प्रकाश लाते हैं।" ब्लिंकन ने अमेरिकी विदेश विभाग की वेबसाइट पर पोस्ट किए गए अपने संदेश में कहा, मैं तिब्बती समुदाय की शिकायतों को हल करने के लिए अहिंसा के लिए परम पावन की निरंतर प्रतिबद्धता की प्रशंसा करता हूं। मैं मानवता के प्रति उनके समर्पण और सेवा के लिए भी आभारी हूं। उन्होंने कहा, संयुक्त राज्य अमेरिका परम पावन और तिब्बती समुदाय के तिब्बत की विशिष्ट भाषाई, धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को संरक्षित करने के प्रयासों का समर्थन करना जारी रखेगा, जिसमें स्वतंत्र रूप से अपने धार्मिक नेताओं को चुनने की क्षमता भी शामिल है।"
विज्ञापन
चीन ने ब्लिंकन को भी नसीहत दी
ब्लिंकन के अभिवादन की आलोचना करते हुए झाओ ने कहा कि तिब्बत मामले चीन के आंतरिक मामले हैं, जिसमें कोई विदेशी हस्तक्षेप नहीं है। चीन 14वें दलाई लामा के साथ किसी भी देश के किसी भी जुड़ाव के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि दलाई लामा एक धार्मिक व्यक्ति के वेश में एक राजनीतिक निर्वासन है जो लंबे समय से चीन विरोधी अलगाववादी गतिविधियों में लिप्त है। हम अमेरिकी पक्ष से तिब्बत से संबंधित मुद्दों की महत्वपूर्ण और संवेदनशील प्रकृति की पूरी समझ रखने, चीन के मूल हितों का सम्मान करने, दलाई समूह की चीन विरोधी अलगाववादी प्रकृति की स्पष्ट समझ रखने और तिब्बत से संबंधित अपनी प्रतिबद्धता का पालन करने का आग्रह करते हैं। दलाई लामा के साथ किसी भी रूप में जड़ना बंद करें और बाहरी दुनिया को कोई गलत संकेत भेजना बंद करें।
उन्होंने कहा कि लंबे समय में तिब्बत ने समृद्ध आर्थिक विकास, सामाजिक सद्भाव, स्थिरता का आनंद लिया है और तिब्बती में सांस्कृतिक परंपराओं को अच्छी तरह से संरक्षित किया गया है। तिब्बत में विभिन्न जातीय पृष्ठभूमि के लोगों को धार्मिक स्वतंत्रता और अपने क्षेत्र और बोली जाने वाली भाषा का उपयोग करने और विकसित करने का स्वतंत्र अधिकार है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसका गवाह है।