फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   BREXIT: British MPs gave approval to historical agreement with European Union

BREXIT: यूरोपीय संघ के साथ ऐतिहासिक करार को ब्रिटिश सांसदों ने दी मंजूरी

Wed, 30 Dec 2020 09:55 PM IST
गौरव पाण्डेय पीटीआई, लंदन
पीटीआई, लंदन Published by: गौरव पाण्डेय Updated Wed, 30 Dec 2020 09:55 PM IST
विज्ञापन
BREXIT: British MPs gave approval to historical agreement with European Union
ब्रेग्जिट - फोटो : शटरस्टॉक

ब्रिटेन की संसद ने बुधवार को ब्रेक्जिट करार को 73 के मुकाबले 521 मतों से मंजूरी दे दी। प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने यूरोपीय संघ (ईयू) से अलग होने के तहत हुए मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) को संसदीय मंजूरी दिलाने के लिए क्रिसमस की छुट्टियों के बाद बुधवार को संसद का सत्र बुलाया था ताकि अगले साल एक जनवरी को ईयू से भविष्य में होने वाले संबंधों के लिए प्रभावी हो रहा कानून संसदीय मंजूरी के साथ सभी बाधाएं पार कर जाए।

विज्ञापन


ब्रेक्जिट के लिए 31 दिसंबर तक की समय सीमा से महज कुछ समय पहले बनी सहमति के बाद 80 पन्नों का विधेयक संसद में पेश किया गया। इस पर पहले हाउस ऑफ कॉमन्स में सांसदों ने चर्चा की और उसके बाद विधेयक पर हाउस ऑफ लार्ड में चर्चा हुई। जॉनसन ने सांसदों से ‘ऐतिहासिक विधेयक’ का समर्थन करने का आह्वान किया था। उन्होंने कहा कि यह ब्रिटेन की यूरोपीय पड़ोसियों के साथ दरार नहीं बल्कि समस्याओं का समाधान है।
विज्ञापन



बता दें कि दोनों सदनों से पारित होने के बाद इस विधेयक को ब्रिटेन की रानी के पास भेजा जाएगा ताकि उनकी मंजूरी मिल सके। इसे लेकर प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने हाउस ऑफ कॉमंस में अपने शुरुआती भाषण में कहा, ‘हम दरार नहीं चाहते बल्कि समाधान चाहते हैं।’ गौरतलब है कि एक बार संसद से विधेयक पारित होने के बाद यह गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय समयानुसार रात 11 बजे से प्रभावी हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रधानमंत्री जॉनसन ने कहा, '...अब इस विधेयक के साथ हमारा मित्रतापूर्ण पड़ोस होगा और यूरोपीय संघ को सर्वोत्तम मित्र और सहयोगी मिलेगा। जहां कहीं भी हमारे मूल्य और हितों में परस्परता होगी, हम मिलकर काम करते हैं। इसके साथ ही ब्रिटेन के नागरिकों की प्रभुतासंपन्न इस मांग को पूरा किया जा सकेगा कि हम अपनी संसद की ओर से बनाए गए अपने कानूनों के तहत रहना चाहते हैं। इस विधेयक ने यह ऐतिहासिक समाधान दिया है।'

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed