Thailand-Cambodia: फिर विवादों के केंद्र में प्रीह विहिअर शिव मंदिर; तेज हुई संस्कृति बनाम प्रभुत्व की लड़ाई
थाईलैंड और कंबोडिया के बीच सीमा पर तनाव तीसरे दिन भी जारी रहा। इस लड़ाई में अब तक दोनों पक्षों से 33 लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं, करीब 1,68,000 से ज्यादा लोग विस्थापित हुए हैं। अब इस तनाव के केंद्र में है प्रीह विहिअर मंदिर। थाईलैंड और कंबोडिया के बीच टकराव का ये मंदिर क्यों मुद्दा बना हुआ है? आइये जानते हैं...
विस्तार
थाईलैंड और कंबोडिया के बीच तनाव क्यों?
थाईलैंड और कंबोडिया के बीच पूरा विवाद एक सदी से भी ज्यादा पुराना है। इंडियन काउंसिल फॉर कल्चरल रिलेशंस (आईसीसीआर) से जुड़े विशेषज्ञों के अनुसार कंबोडिया के उत्तरी पठार पर खड़ी चट्टानों पर स्थित प्रीह विहिअर मंदिर को 9वीं से 12वीं सदी के बीच खमेर शासकों ने भगवान शिव को समर्पित कर बनवाया था। मंदिर वैदिक और शैव परंपराओं का जीवंत प्रतीक है। 1954 में जब फ्रांस ने कंबोडिया को स्वतंत्र किया तब यह मंदिर विवाद में आ गया, क्योंकि यह थाईलैंड सीमा से सटा हुआ है और दोनों देश इस पर दावा करने लगे। 1962 में अंतरराष्ट्रीय न्यायालय ने मंदिर को कंबोडिया का हिस्सा घोषित किया, लेकिन उसके चारों ओर की भूमि पर थाईलैंड ने अब तक अधिकार जताया हुआ है।
2008 में भी भड़का था तनाव
यह पूरा संघर्ष 2008 में फिर भड़क उठा, जब कंबोडिया ने प्रिया विहार ऐतिहासिक मंदिर को यूनेस्को की वैश्विक धरोहरों में शामिल कराने की कोशिश की। थाईलैंड ने इसका भरसक विरोध किया और दोनों देशों के बीच जुबानी जंग अचानक ही संघर्ष में बदल गई। इसमें 20 लोगों की मौत हुई, जबकि सीमा के आसपास रहने वाले हजारों लोग बेघर हो गए।
कुछ समय बाद जब यह तनाव बना रहा तो कंबोडिया फिर आईसीजे की शरण में पहुंचा। अंतरराष्ट्रीय न्यायालय ने फिर से कंबोडिया के पक्ष में फैसला सुनाया। हालांकि, इस बार भी कोर्ट ने विवादित क्षेत्रों को लेकर कोई निर्णय नहीं दिया। दूसरी तरफ थाईलैंड ने आईसीजे के क्षेत्राधिकार को मानने से ही इनकार कर दिया। हालांकि, 2013 के बाद से दोनों ही देशों के बीच तनाव कुछ हद तक कम हो गया।
अब तक हो चुकी है 33 लोगों की मौत
थाईलैंड और कंबोडिया में सीमा पर झड़प जारी है। साथ ही युद्धविराम के लिए अंतरराष्ट्रीय दबाव के बीच दोनों देश एक-दूसरे पर हमले शुरू करने का आरोप लगा रहे हैं। अब तक इस लड़ाई में कम से कम 33 लोगों की मौत हो चुकी है और करीब 1,68,000 से ज्यादा लोग विस्थापित हुए हैं।
कंबोडिया से 37635 और थाईलैंड से 131000 लोग विस्थापित
कंबोडिया के सूचना मंत्री नेथ फेकट्रा ने शनिवार को कहा कि झड़पों के कारण तीन सीमावर्ती प्रांतों में 10,865 परिवारों यानी करीब 37,635 लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं। वहीं, थाई अधिकारियों ने कहा कि 131,000 से ज्यादा लोग सीमावर्ती गांव से भाग चुके हैं।
कंबोडियाई सेना प्रीह विहिअर मंदिर के पास निगरानी चौकियों को उन्नत कर रही है तो थाई सैनिक क्षेत्र में गश्त तेज कर रहे हैं। थाईलैंड का आरोप है कि कंबोडिया सैन्य निर्माण कर रहा है, वहीं कंबोडिया ने कहा कि वह अपने संप्रभु क्षेत्र की सुरक्षा कर रहा है।