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Uttarkashi News: प्रधानमंत्री को खून से लिखा पत्र भेजा, डॉक्टरों की तैनाती करने की मांग
Sat, 08 Nov 2025 07:21 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Sat, 08 Nov 2025 07:21 PM IST
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घनसाली (टिहरी)। भिलंगना ब्लॉक की लचर स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की मांग का लेकर बीते 25 अक्तूबर से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पिलखी में धरने पर बैठे आंदोलनकारियों ने प्रधानमंत्री को खून से लिखा पत्र प्रेषित कर कार्रवाई करने की मांग की। कहा कि लंबे समय से क्षेत्र के लोग स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर आंदोलित हैं लेकिन राज्य सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही है।
शनिवार को भी पिलखी में घनसाली स्वास्थ्य जन संघर्ष मोर्चा का धरना जारी रहा। धरने पर बैठे मोर्चा के संयोजक संदीप आर्य, अजय कंसवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खून से लिखा भावनात्मक पत्र भेजा। उत्तराखंड राज्य गठन की रजत जयंती मना रहा है लेकिन पहाड़ों में गर्भवती महिलाएं और अन्य मरीज बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के अभाव में दम तोड़ रहे हैं। पत्र में कहा कि घनसाली की दो महिलाओं को प्रसव के बाद समय पर उपचार नहीं मिलने के कारण असमय मौत हो गई। क्षेत्र के लोग लंबे समय से सीएचसी बेलेश्वर से लेकर पीएचसी पिलखी अल्ट्रासाउंड, एक्सरे से लेकर विशेषज्ञ चिकित्सकों की मांग कर रहे हैं लेकिन मांगों को कोई भी ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई। संवाद
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शनिवार को भी पिलखी में घनसाली स्वास्थ्य जन संघर्ष मोर्चा का धरना जारी रहा। धरने पर बैठे मोर्चा के संयोजक संदीप आर्य, अजय कंसवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खून से लिखा भावनात्मक पत्र भेजा। उत्तराखंड राज्य गठन की रजत जयंती मना रहा है लेकिन पहाड़ों में गर्भवती महिलाएं और अन्य मरीज बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के अभाव में दम तोड़ रहे हैं। पत्र में कहा कि घनसाली की दो महिलाओं को प्रसव के बाद समय पर उपचार नहीं मिलने के कारण असमय मौत हो गई। क्षेत्र के लोग लंबे समय से सीएचसी बेलेश्वर से लेकर पीएचसी पिलखी अल्ट्रासाउंड, एक्सरे से लेकर विशेषज्ञ चिकित्सकों की मांग कर रहे हैं लेकिन मांगों को कोई भी ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई। संवाद
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