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Uttarkashi News: बुरांश का उत्पादन घटने से बढ़ा जूस के दाम
Mon, 04 May 2026 06:17 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Mon, 04 May 2026 06:17 PM IST
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200 क्विंटल के मुकाबले सिर्फ 10 क्विंटल हुआ, प्रसंस्करण इकाइयां बेदम
नौगांव (उत्तरकाशी)। इस वर्ष बुरांश के फूलों का उत्पादन काफी कम हुआ है। इसके कारण बाजार में बुरांश के जूस की कीमत दस से पंद्रह रुपये प्रति लीटर बढ़ गई है। यह स्थिति स्थानीय महिलाओं की आय पर भी असर डाल रही है।
औषधीय गुणों से भरपूर बुरांश के जूस की गर्मियों में भारी मांग रहती है। लोग स्वास्थ्य लाभ के लिए इसे बड़ी मात्रा में खरीदते हैं। कुछ वर्षों से जंगलों में बुरांश खूब खिल रहा था। इसका जूस अब घर-घर की पहचान बन गया है। महिलाएं जंगलों से फूल तोड़कर घर पर अपने उपयोग के लिए शर्बत बनाती हैं। वे प्रसंस्करण इकाइयों को फूल बेचकर भी पैसा कमाती हैं।
इस सीजन में कम उत्पादन के कारण महिलाएं कमाई नहीं कर पाई हैं। यमुना घाटी फल एवं सब्जी प्रसंस्करण इकाई हिमरौल के जगमोहन राणा ने बताया कि इस वर्ष जंगलों में असमय फूल खिल गए थे। इससे उत्पादन पर बड़ा असर पड़ा है। उन्होंने पिछली बार दो सौ कुंतल फूल खरीदा था पर इस बार दस क्विंटल फूल भी नहीं मिल पाया है।
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नौगांव (उत्तरकाशी)। इस वर्ष बुरांश के फूलों का उत्पादन काफी कम हुआ है। इसके कारण बाजार में बुरांश के जूस की कीमत दस से पंद्रह रुपये प्रति लीटर बढ़ गई है। यह स्थिति स्थानीय महिलाओं की आय पर भी असर डाल रही है।
औषधीय गुणों से भरपूर बुरांश के जूस की गर्मियों में भारी मांग रहती है। लोग स्वास्थ्य लाभ के लिए इसे बड़ी मात्रा में खरीदते हैं। कुछ वर्षों से जंगलों में बुरांश खूब खिल रहा था। इसका जूस अब घर-घर की पहचान बन गया है। महिलाएं जंगलों से फूल तोड़कर घर पर अपने उपयोग के लिए शर्बत बनाती हैं। वे प्रसंस्करण इकाइयों को फूल बेचकर भी पैसा कमाती हैं।
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इस सीजन में कम उत्पादन के कारण महिलाएं कमाई नहीं कर पाई हैं। यमुना घाटी फल एवं सब्जी प्रसंस्करण इकाई हिमरौल के जगमोहन राणा ने बताया कि इस वर्ष जंगलों में असमय फूल खिल गए थे। इससे उत्पादन पर बड़ा असर पड़ा है। उन्होंने पिछली बार दो सौ कुंतल फूल खरीदा था पर इस बार दस क्विंटल फूल भी नहीं मिल पाया है।
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