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Uttarkashi News: अग्निकांड पीड़ित परिवारों ने आपदा राहत राशि को लेकर जताई नाराजगी
Sun, 05 Apr 2026 05:25 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Sun, 05 Apr 2026 05:25 PM IST
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पुरोला। मोरी ब्लॉक के फिताड़ी गांव में हुई अग्निकांड के बाद वितरित की गई आपदा राहत राशि को पीड़ित परिवारों ने नाकाफी बताते हुए आक्रोश जताया। आग से हुए व्यापक नुकसान के मुकाबले सरकार की ओर दी गई आर्थिक सहायता बेहद कम है।
फिताड़ी गांव के प्रेम सिंह, कुंदन सिंह, नौनिहाल सिंह, रविंद्र सिंह ने बताया कि अग्निकांड में सदियों पुराने देवदार की लकड़ी से बने पारंपरिक चार से पांच मंजिला आवासीय भवन पूरी तरह जल गया। साथ ही अन्न भंडारण के लिए उपयोग में आने वाले आधा दर्जन पारंपरिक कुठार भी आग की भेंट चढ़ गए।
वहीं, ग्राम प्रधान कृष्णा सिंह राणा ने बताया कि आपदा राहत के तहत प्रति परिवार भवन क्षति के लिए मात्र एक लाख रुपये व अन्न कुठारों के लिए 50-50 हजार रुपये की सहायता दी गई है। पारंपरिक शैली में बने इन बहुमंजिला भवनों की लागत और उनमें प्रयुक्त देवदार की लकड़ी को देखते हुए राशि वास्तविक नुकसान की तुलना में बहुत कम है। इस मौके पर उमशल सिंह, ताजम देवी, दूधकली देवी, वीरेंद्र सिंह, सुविद्रा देवी, मोहन सिंह, सीलदार सिंह, जनक सिंह आदि मौजूद रहे। संवाद
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फिताड़ी गांव के प्रेम सिंह, कुंदन सिंह, नौनिहाल सिंह, रविंद्र सिंह ने बताया कि अग्निकांड में सदियों पुराने देवदार की लकड़ी से बने पारंपरिक चार से पांच मंजिला आवासीय भवन पूरी तरह जल गया। साथ ही अन्न भंडारण के लिए उपयोग में आने वाले आधा दर्जन पारंपरिक कुठार भी आग की भेंट चढ़ गए।
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वहीं, ग्राम प्रधान कृष्णा सिंह राणा ने बताया कि आपदा राहत के तहत प्रति परिवार भवन क्षति के लिए मात्र एक लाख रुपये व अन्न कुठारों के लिए 50-50 हजार रुपये की सहायता दी गई है। पारंपरिक शैली में बने इन बहुमंजिला भवनों की लागत और उनमें प्रयुक्त देवदार की लकड़ी को देखते हुए राशि वास्तविक नुकसान की तुलना में बहुत कम है। इस मौके पर उमशल सिंह, ताजम देवी, दूधकली देवी, वीरेंद्र सिंह, सुविद्रा देवी, मोहन सिंह, सीलदार सिंह, जनक सिंह आदि मौजूद रहे। संवाद
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