{"_id":"57fbbf854f1c1b6e5228ed4d","slug":"declaration-of-eviction-restless-businessman","type":"story","status":"publish","title_hn":"अतिक्रमण हटाने के ऐलान से व्यापारी बेचैन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अतिक्रमण हटाने के ऐलान से व्यापारी बेचैन
अमर उजाला ब्यूरो/ उत्तरकाशी।
Updated Mon, 10 Oct 2016 09:49 PM IST
विज्ञापन
नगर क्षेत्र में पालिका की ओर से अतिक्रमण हटाए जाने के ऐलान के बाद व्यापारियों में खलबली मची है। बाजार में सड़क किनारों पर खोखे, रेहड़ी ठेली आदि खोलकर बैठे व्यापारियों ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई से पूर्व डीएम को पत्र लिखकर स्थायी व्यवस्था की मांग रखी है।
विज्ञापन
नगरपालिका प्रशासन ने आठ अक्तूबर तक बाजार में सड़क किनारों पर अवैध कब्जा जमाए बैठे व्यापारियों को स्वत: ही अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी थी, लेकिन अभी तक शहर में किसी ने भी स्वयं अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं की। ऐसे में पालिका ऐलान कर चुकी है कि 13 अक्तूबर से नगर क्षेत्र में सड़क किनारों पर अतिक्रमण ध्वस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। ऐसे व्यापारियों ने प्रशासन से उनकी स्थायी व्यवस्था करने की गुहार लगाई है।
विज्ञापन
डीएम को लिखित पत्र में व्यापारियों ने कहा कि उत्तराखंड में नगर फेरी नीति 2016 लागू की गई है, जिसमें रेहड़ी ठेली, खोखा विक्रेताओं के लिए स्थायी व्यवस्था का प्रावधान है। पत्र में गणेश नौटियाल, दिनेश भट्ट, गजेंद्र चौहान, इंद्रेश उनियाल, दुर्गेश व्यास, सोनम, हेमकांत नौटियाल, उत्तम राणा, विरेंद्र पंवार, जसवीर रावत, केदार सिंह चौहान, जयपाल आदि लोगों के हस्ताक्षर मौजूद हैं। इधर नगरपालिका अध्यक्ष जयेंद्री राणा ने कहा कि शहर में अतिक्रमण हटाने के लिए पालिका प्रशासन पहले से ही प्रतिबद्ध है और इसमें प्रशासन का सहयोग अपेक्षित होगा।
विज्ञापन