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राजस्व उपनिरीक्षकों ने मांगों को लेकर डीएम को सौंपा ज्ञापन
Updated Wed, 26 Sep 2018 10:20 PM IST
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उत्तरकाशी। पर्वतीय राजस्व निरीक्षक, उपनिरीक्षक एवं राजस्व सेवक संघ ने लंबित मांगों को लेकर डीएम को ज्ञापन सौंपा। इसमें उन्होंने राजस्व उपनिरीक्षक क्षेत्रों के पुनर्गठन एवं प्रशिक्षण अवधि के मानदेय भुगतान आदि की मांग की है।
डीएम को सौंपे ज्ञापन में संगठन के जिलाध्यक्ष गुलाब सिंह पंवार ने बताया कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार राजस्व उपनिरीक्षक क्षेत्रों का पुनर्गठन किया जाना है। तहसील स्तर से प्रस्ताव भेजे जा चुके हैं, लेकिन जिला कार्यालय से अभी तक यह प्रस्ताव शासन को नहीं भेजे गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत सभी गांवों की पड़ताल करने का प्रस्ताव है। जबकि पूर्व में बीस प्रतिशत गांवों का ही सर्वे किया जाता था। ऐसे में बगैर पुनर्गठन किए फसल बीमा का सर्वे करना संभव नहीं होगा। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि नवनियुक्त राजस्व उपनिरीक्षकों को प्रशिक्षण अवधि का मानदेय दिया जाना था। इसके लिए शासन द्वारा बजट भी स्वीकृत किया गया, लेकिन अभी तक उन्हें सिर्फ सात माह का मानदेय ही दिया गया है। उन्होंने डीएम से शेष चार माह का मानदेय भुगतान कराने की मांग की। इसके अलावा उन्होंने संवर्गीय कर्मचारियों को एसीपी का लाभ देने, राजस्व निरीक्षक एवं रजिस्ट्रार कानूनगो के रिक्त पदों पर तदर्थ पदोन्नति देने तथा पटवारी चौकियों पर फर्नीचर और राजस्व सेवकों को वर्दी मुहैया कराने की मांग की।
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डीएम को सौंपे ज्ञापन में संगठन के जिलाध्यक्ष गुलाब सिंह पंवार ने बताया कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार राजस्व उपनिरीक्षक क्षेत्रों का पुनर्गठन किया जाना है। तहसील स्तर से प्रस्ताव भेजे जा चुके हैं, लेकिन जिला कार्यालय से अभी तक यह प्रस्ताव शासन को नहीं भेजे गए हैं। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत सभी गांवों की पड़ताल करने का प्रस्ताव है। जबकि पूर्व में बीस प्रतिशत गांवों का ही सर्वे किया जाता था। ऐसे में बगैर पुनर्गठन किए फसल बीमा का सर्वे करना संभव नहीं होगा। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि नवनियुक्त राजस्व उपनिरीक्षकों को प्रशिक्षण अवधि का मानदेय दिया जाना था। इसके लिए शासन द्वारा बजट भी स्वीकृत किया गया, लेकिन अभी तक उन्हें सिर्फ सात माह का मानदेय ही दिया गया है। उन्होंने डीएम से शेष चार माह का मानदेय भुगतान कराने की मांग की। इसके अलावा उन्होंने संवर्गीय कर्मचारियों को एसीपी का लाभ देने, राजस्व निरीक्षक एवं रजिस्ट्रार कानूनगो के रिक्त पदों पर तदर्थ पदोन्नति देने तथा पटवारी चौकियों पर फर्नीचर और राजस्व सेवकों को वर्दी मुहैया कराने की मांग की।
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