{"_id":"5b2695f94f1c1bca228b60a0","slug":"1529255420192-compat-utter-kashi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बंगाल के पर्वतारोही दल ने भागीरथी-2 हिमशिखर पर किया सफल आरोहण-compat","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बंगाल के पर्वतारोही दल ने भागीरथी-2 हिमशिखर पर किया सफल आरोहण-compat
Updated Sun, 17 Jun 2018 10:52 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
उत्तरकाशी। इस सीजन में गंगोत्री हिमालय क्षेत्र में भागीरथी-2(6512 मीटर) पर्वतारोहियों का पसंदीदा हिमशिखर बन गया है। बीते 14 जून को एक और पर्वतारोही दल ने इस शिखर पर सफलतापूर्वक आरोहण किया। हालांकि खराब मौसम के चलते इस सात सदस्यीय दल में शामिल सिर्फ एक पर्वतारोही और दो शेरपा ही चोटी पर आरोहण करने में सफल हुए। रविवार को यह दल सुरक्षित गंगोत्री लौट आया है।
इस सीजन में गंगोत्री हिमालय क्षेत्र में सर्वाधिक पांच पर्वतारोही दलों ने भागीरथी-2 हिमशिखर पर आरोहण का प्रयास किया। बीते 30-31 मई को भारतीय सेना और बीते 11 जून को एक भारतीय पर्वतारोही दल ने इस चोटी पर आरोहण में सफलता हासिल की। शेष दो दलों को खराब मौसम के चलते असफल होकर लौटना पड़ा। विगत 14 जून को बंगाली पर्वतारोहियों के एक दल ने फिर भागीरथी-2 पर आरोहण कर तिरंगा लहराया। उत्तरकाशी की माउंट हाई विंड ट्रैकिंग एंड माउंटेनियरिंग एजेंसी के माध्यम से गए इस अभियान दल में शामिल पर्वतारोही राधेश्याम हलदार और दो शेरपा (गाइड) ने शिखर पर आरोहण में सफलता हासिल की।
एजेंसी के संचालक जयेंद्र राणा ने बताया कि बंगाल के सात सदस्यीय पर्वतारोही दल ने टीम लीडर परमेश चटर्जी के नेतृत्व में बीते 8 जून को गंगोत्री से अभियान शुरू किया था। दल ने भोजवासा, गोमुख, नंदनवन होते हुए अपर नंदनवन में बेस कैंप स्थापित किया। इससे आगे एडवांस बेस कैंप, कैंप-1 और समिट कैंप स्थापित कर इस दल ने 13 जून की देर रात एक बजे आरोहण शुरू किया और 14 जून दोपहर 1 बजकर 12 मिनट पर दल में शामिल राधेश्याम हलदार एवं नोरबू शेरपा व प्रेम्बा शेरपा ने शिखर पर पहुंचकर तिरंगा लहराया, जबकि शिखर से करीब 200 मीटर पहले पर्वतारोही सुकोमल घोष की तबियत बिगड़ने पर अन्य पर्वतारोही आगे नहीं बढ़ पाए। इस दल में विप्लब चटर्जी, रतन मंडल, डा.विशेश्वर कोनार एवं शंकर चक्रवर्ती भी शामिल थे।
इस सीजन में गंगोत्री हिमालय क्षेत्र में सर्वाधिक पांच पर्वतारोही दलों ने भागीरथी-2 हिमशिखर पर आरोहण का प्रयास किया। बीते 30-31 मई को भारतीय सेना और बीते 11 जून को एक भारतीय पर्वतारोही दल ने इस चोटी पर आरोहण में सफलता हासिल की। शेष दो दलों को खराब मौसम के चलते असफल होकर लौटना पड़ा। विगत 14 जून को बंगाली पर्वतारोहियों के एक दल ने फिर भागीरथी-2 पर आरोहण कर तिरंगा लहराया। उत्तरकाशी की माउंट हाई विंड ट्रैकिंग एंड माउंटेनियरिंग एजेंसी के माध्यम से गए इस अभियान दल में शामिल पर्वतारोही राधेश्याम हलदार और दो शेरपा (गाइड) ने शिखर पर आरोहण में सफलता हासिल की।
विज्ञापन
एजेंसी के संचालक जयेंद्र राणा ने बताया कि बंगाल के सात सदस्यीय पर्वतारोही दल ने टीम लीडर परमेश चटर्जी के नेतृत्व में बीते 8 जून को गंगोत्री से अभियान शुरू किया था। दल ने भोजवासा, गोमुख, नंदनवन होते हुए अपर नंदनवन में बेस कैंप स्थापित किया। इससे आगे एडवांस बेस कैंप, कैंप-1 और समिट कैंप स्थापित कर इस दल ने 13 जून की देर रात एक बजे आरोहण शुरू किया और 14 जून दोपहर 1 बजकर 12 मिनट पर दल में शामिल राधेश्याम हलदार एवं नोरबू शेरपा व प्रेम्बा शेरपा ने शिखर पर पहुंचकर तिरंगा लहराया, जबकि शिखर से करीब 200 मीटर पहले पर्वतारोही सुकोमल घोष की तबियत बिगड़ने पर अन्य पर्वतारोही आगे नहीं बढ़ पाए। इस दल में विप्लब चटर्जी, रतन मंडल, डा.विशेश्वर कोनार एवं शंकर चक्रवर्ती भी शामिल थे।
विज्ञापन