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खंडहर बना लाखों की लागत वाला पर्यटन सूचना केंद्र
Updated Mon, 23 Oct 2017 10:46 PM IST
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नौगांव (उत्तरकाशी)। सरकारी धन का दुरुपयोग किस तरह किया जाता है इसका उदाहरण कुंवा के समीप बने पर्यटक सूचना केंद्र से लगाया जा सकता है। चारधाम यात्रा पर आने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए उत्तरांचल पर्यटन विकास परिषद की ओर से वर्ष 2007 में यमुनोत्री हाईवे पर 16.20 लाख की लागत से केंद्र की स्थापना की गई थी, लेकिन करीब एक दशक बीत जाने के बाद भी विभाग ने इसका प्रयोग नहीं किया।
कुंवा क्षेत्र में बने इस पर्यटक सूचना केंद्र में पर्यटकों के लिए विश्राम कक्ष, शौचालय भी बनाया गया था, लेकिन उपयोग न होने की वजह से लाखों की लागत वाला यह केंद्र अब खंडहर में तब्दील हो चुका है। जिसके बाद से अब यहां शराबियों व असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। जो भवन की खिड़की दरवाजे सहित पानी तथा बिजली की तारें भी उखाड़ कर ले गए हैं। प्रधान जय सिंह का कहना है कि बीडीसी की बैठक में कई बार यह मुद्दा उठाया गया है। विभाग के साथ भी इस संबंध में पत्राचार किया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। वहीं, क्षेत्र के कुंवर सिंह चौहान, चैन सिंह, भूरा दास आदि का कहना है कि सूचना केंद्र भवन स्थानीय बेरोजगारों को लीज पर देना चाहिए। जिससे रोजगार के साथ ही भवन की सुरक्षा व देखरेख भी हो सकेगी। उधर, जिला पर्यटन अधिकारी बीपी टम्टा ने कहा कि उनके पास इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।
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कुंवा क्षेत्र में बने इस पर्यटक सूचना केंद्र में पर्यटकों के लिए विश्राम कक्ष, शौचालय भी बनाया गया था, लेकिन उपयोग न होने की वजह से लाखों की लागत वाला यह केंद्र अब खंडहर में तब्दील हो चुका है। जिसके बाद से अब यहां शराबियों व असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। जो भवन की खिड़की दरवाजे सहित पानी तथा बिजली की तारें भी उखाड़ कर ले गए हैं। प्रधान जय सिंह का कहना है कि बीडीसी की बैठक में कई बार यह मुद्दा उठाया गया है। विभाग के साथ भी इस संबंध में पत्राचार किया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। वहीं, क्षेत्र के कुंवर सिंह चौहान, चैन सिंह, भूरा दास आदि का कहना है कि सूचना केंद्र भवन स्थानीय बेरोजगारों को लीज पर देना चाहिए। जिससे रोजगार के साथ ही भवन की सुरक्षा व देखरेख भी हो सकेगी। उधर, जिला पर्यटन अधिकारी बीपी टम्टा ने कहा कि उनके पास इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।
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