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बुग्याल से भरे खाल नामक तोक में 25 सदस्यीय दल ने उठाया कचरा
Updated Sun, 22 Oct 2017 10:43 PM IST
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उत्तरकाशी। केदारनाथ-लंबगांव मोटरमार्ग पर स्थित चौरंगीखाल से महज 500 मीटर दूर खाल नामक तोक बुग्याल है, जो पर्यटन का केंद्र बन सकता है। जिससे सरकार को भी अच्छी आमदनी मिल सकती है। पर्यटन विभाग की नजरों से दूर इस स्थान पर सालभर कुछ पर्यटक तो जरूर आते हैं, लेकिन यहां गंदगी फैलाकर चले जाते हैं। रविवार को उत्तरकाशी से गए 25 सदस्यीय दल ने यहां सफाई अभियान चलाकर गंदगी साफ की।
जिला मुख्यालय उत्तरकाशी से 29 किमी दूर चौरंगीखाल से हिमालय का विहंगम दृश्य देखा जा सकता है। साथ ही बांज बुरांश के जंगलों के बीच यहां चौरंगीखाल से बांयी तरफ 500 मीटर की दूरी पर खाल नामक तोक है, जिसे छोटा बुग्याल पिकनिक स्पॉट के रूप में जाना जाता है। पर्यटन विभाग की नजरों से दूर इस पर्यटन स्थल को विकसित किया जा सकता है। यहां बुग्याल के अलावा स्थानीय लोगों की छानियां मौजूद हैं। रविवार को 25 सदस्य दल पर्यटन स्थल पहुंचा और जगह-जगह फैला कूड़ा एकत्र किया। होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेंद्र मटूड़ा का कहना है कि खाल नामक तोक बुग्याल से भरा पड़ा है। यहां पर्यटन का अच्छा केंद्र बन सकता है। लेकिन कूड़ादान नहीं होने से जगह-जगह कूड़ा फैला रहता है।
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जिला मुख्यालय उत्तरकाशी से 29 किमी दूर चौरंगीखाल से हिमालय का विहंगम दृश्य देखा जा सकता है। साथ ही बांज बुरांश के जंगलों के बीच यहां चौरंगीखाल से बांयी तरफ 500 मीटर की दूरी पर खाल नामक तोक है, जिसे छोटा बुग्याल पिकनिक स्पॉट के रूप में जाना जाता है। पर्यटन विभाग की नजरों से दूर इस पर्यटन स्थल को विकसित किया जा सकता है। यहां बुग्याल के अलावा स्थानीय लोगों की छानियां मौजूद हैं। रविवार को 25 सदस्य दल पर्यटन स्थल पहुंचा और जगह-जगह फैला कूड़ा एकत्र किया। होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेंद्र मटूड़ा का कहना है कि खाल नामक तोक बुग्याल से भरा पड़ा है। यहां पर्यटन का अच्छा केंद्र बन सकता है। लेकिन कूड़ादान नहीं होने से जगह-जगह कूड़ा फैला रहता है।
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