Kashipur Stray Dogs: आवारा जानवरों के सामने 'बेबस' नगर निगम, हर दिन लोगों पर हमला कर रहे कुत्ते; व्यवस्था जीरो
काशीपुर में लावारिस कुत्ते बच्चों और बड़े लोगों पर हमलाकर उन्हें घायल कर रहे हैं। वहीं नगर निगम ने पचास लाख की लागत से राजकीय पशु अस्पताल परिसर में एबीसी सेंटर तो बनवा दिया, लेकिन सेंटर आज तक शुरू नहीं हो सका है।
-
- 2
-
Link Copied
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
काशीपुर नगर क्षेत्र में लावारिस कुत्ते बच्चों और बड़े लोगों पर हमलाकर उन्हें घायल कर रहे हैं। वहीं नगर निगम ने पचास लाख की लागत से राजकीय पशु अस्पताल परिसर में एबीसी सेंटर तो बनवा दिया, लेकिन सेंटर आज तक शुरू नहीं हो सका है।
शहर की गली-मोहल्लों में लावारिस कुत्तों की तादाद बढ़ती ही जा रही है। इनके डर से लोग बच्चों को अकेले में बाहर नहीं जाने दे रहे हैं। एलडी भट्ट उप जिला चिकित्सालय में प्रतिदिन 20 से 25 नए लोग एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने पहुंच रहे हैं। वहीं 30-40 लोग प्रतिदिन वैक्सीन की दूसरी और तीसरी डोज लगवाने के लिए आ रहे हैं।
इसके अलावा निजी अस्पतालों में भी कुत्तों के हमलों में घायल लोग वैक्सीन लगवाने पहुंच रहे हैं। बताया जाता है कभी कभी एक दिन में सरकारी अस्पताल में वैक्सीन लगवाने के लिए 90 मरीज तक पहुंच जाते हैं। लावारिस और पालतू कुत्ते ज्यादातर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों पर हमला करते हैं। क्योंकि वह जल्दी से भाग नहीं पाते हैं।
ये पढ़ें- Nainital: शातिर युवती ने दरोगा को फांसा, बस कंडक्टर प्रेमी को पिता बताया; ऐसे चलाया शातिर दिमाग, केस दर्ज
नगर निगम ने लागू की है पालतू कुत्ता उपविधि
काशीपुर नगर आयुक्त विवेक राय ने बताया कि निगम क्षेत्र में डॉग ऑनर के लिए उपविधि का गजट प्रकाशन के साथ लागू कर दी गई है। इसके तहत अब अपने पालतू कुत्ते का नगर निगम में पंजीकरण आवश्यक होगा। बताया उपविधि में प्रावधान है कि यदि डॉग ऑनर ने कुत्ते को खुले में बिना मास्क के घुमाया तो जुर्माना लगाया जाएगा।
निगम प्रशासन की ओर से एबीसी सेंटर बनकर तैयार है। अन्य मेडिकल उपकरणों के लिए टेंडर प्रक्रिया हो चुकी है। जल्द एबीसी सेंटर शुरू करा दिया जाएगा। - विवेक राय, नगर आयुक्त, नगर निगम काशीपुर।