{"_id":"69ebc7f9f9e1ecb6f30bbfef","slug":"the-accused-of-cheque-bouncing-was-sentenced-to-three-months-imprisonment-and-a-fine-of-rs-325-lakh-kashipur-news-c-235-1-ksp1002-142022-2026-04-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Udham Singh Nagar News: चेक बाउंस के आरोपी को तीन माह कारावास और 3.25 लाख जुर्माना की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Udham Singh Nagar News: चेक बाउंस के आरोपी को तीन माह कारावास और 3.25 लाख जुर्माना की सजा
Sat, 25 Apr 2026 01:13 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Sat, 25 Apr 2026 01:13 AM IST
विज्ञापन
काशीपुर। न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज (जू.डि.) की अदालत ने चेक बाउंस के आरोपी को तीन माह के साधारण कारावास और 3.25 लाख रुपये की सजा सुनाई है।
कुंडा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मिस्सरवाला निवासी अब्दुल गफ्फार ने न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज (जू.डि.) पूनम टोडी की अदालत में परिवाद दायर किया। इसमें अब्दुल ने बताया कि जिला नैनीताल की तहसील रामनगर के ग्राम शक्तिनगर पूछड़ी निवासी साकिर ने उन्हें एक प्लाट बेचा था। उसका मालिक कोई अन्य व्यक्ति था। साकिर ने कहा कि वह बैनामा भूमि के स्वामी से कराकर देगा। तब उसने एक लाख रुपये का चेक 16 अप्रैल 2019 को दे दिया। शेष रकम छह माह बाद देना तय हुआ।
साकिर ने छह माह बाद 1.52 लाख और 53 हजार रुपये ले किए। साकिर उससे ने 3.05 लाख रुपये लिए लेकिन भूमि का बैनामा कराने में आनाकानी करने लगा। तकादा करने पर साकिर ने 3.05 लाख रुपये का चेक उसको दिया। बैंक में लगाने पर बाउंस हो गया। उसने अधिवक्ता के माध्यम से आरोपी साकिर को नोटिस भेजे लेकिन भुगतान नहीं किया गया।
न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज (जू.डि.) की अदालत ने दोनों पक्षों को सुना और उपलब्ध पत्रावलियों पर साकिर को दोषी मानते हुए उसे तीन माह कारावास और 3.25 लाख रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। साथ ही जुर्माना की धनराशि अदा नहीं करने पर एक माह अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा सुनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन
कुंडा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मिस्सरवाला निवासी अब्दुल गफ्फार ने न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज (जू.डि.) पूनम टोडी की अदालत में परिवाद दायर किया। इसमें अब्दुल ने बताया कि जिला नैनीताल की तहसील रामनगर के ग्राम शक्तिनगर पूछड़ी निवासी साकिर ने उन्हें एक प्लाट बेचा था। उसका मालिक कोई अन्य व्यक्ति था। साकिर ने कहा कि वह बैनामा भूमि के स्वामी से कराकर देगा। तब उसने एक लाख रुपये का चेक 16 अप्रैल 2019 को दे दिया। शेष रकम छह माह बाद देना तय हुआ।
साकिर ने छह माह बाद 1.52 लाख और 53 हजार रुपये ले किए। साकिर उससे ने 3.05 लाख रुपये लिए लेकिन भूमि का बैनामा कराने में आनाकानी करने लगा। तकादा करने पर साकिर ने 3.05 लाख रुपये का चेक उसको दिया। बैंक में लगाने पर बाउंस हो गया। उसने अधिवक्ता के माध्यम से आरोपी साकिर को नोटिस भेजे लेकिन भुगतान नहीं किया गया।
विज्ञापन
न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज (जू.डि.) की अदालत ने दोनों पक्षों को सुना और उपलब्ध पत्रावलियों पर साकिर को दोषी मानते हुए उसे तीन माह कारावास और 3.25 लाख रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। साथ ही जुर्माना की धनराशि अदा नहीं करने पर एक माह अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा सुनाई।
विज्ञापन