CRIME: दिनेश के साथियों की ओर भी घूम रही शक की सुई, बड़े भाई की बरसी के लिए घर आया था...परिवार में तीन लोग बचे
खटीमा में दिनेश की हत्या के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वह विधवा भाभी और भतीजे-भतीजी का एकमात्र सहारा था। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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खटीमा में दिनेश की हत्या के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वह विधवा भाभी और भतीजे-भतीजी का एकमात्र सहारा था। भाई के वार्षिक श्राद्ध के लिए छुट्टी पर घर आया दिनेश कुछ दिनों से अपने साथियों के साथ घूम रहा था। उसकी हत्या के बाद पुलिस की शक की सुई साथियों पर घूम रही है। गांव के कुछ लोगों से पूछताछ की जा रही है।
दिनेश चंद के पिता बलबीर चंद और माता राधा देवी का कई साल पहले निधन चुका है। एक वर्ष पहले बड़े भाई भूपेंद्र चंद की भी सड़क हादसे में जान चली गई। इन दिनों वह भाई की बरसी के लिए घर आया था। बरसी से पहले वह घर में रंगाई-पुताई का काम करवा रहा था। उसे शुगर की शिकायत भी थी, जिस कारण वह बाहर खाने-पीने से बच रहा था।अंदेशा जताया जा रहा है कि किसी विवाद या फिर रंजिश के चलते दिनेश की हत्या की गई है।
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अब परिवार में तीन ही लोग बचे
लोगों ने बताया कि दिनेश का परिवार करीब चार दशक पहले पिथौरागढ़ से आकर बिरिया मझोला गांव (मझोला-2 ) में आकर बस गया था। दिनेश जब छोटा था, तभी उसके माता-पिता का निधन हो गया था। बड़े भाई के निधन के बाद उस पर परिवार की जिम्मेदारी आ गई थी। अब उसकी मौत क बाद परिवार में एक विधवा भाभी देवकी देवी, 13 साल का भतीजा आयुष और सात साल की भतीजी काव्या ही रह गए हैं। इधर, सीओ विमल रावत ने कहा कि हत्याकांड की बारीकी जांच चल रही है। संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है। हत्याकांड का शीघ्र खुलासा करने का प्रयास किया जा रहा है।