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डंपरों के चलने क्षतिग्रस्त हो रहे हैं लिंक मार्ग
अमर उजाला ब्यूरो काशीपुर
Updated Sun, 18 Sep 2016 12:44 AM IST
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अवैध खनन सामग्री से भरे डंपरों के चलने से ग्रामीण क्षेत्रों की लिंक सड़कें क्षतिग्रस्त हो रही हैं। सड़कों में जगह-जगह पर गड्ढे बनने से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही है।
शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में अवैध खनन सामग्री से भरे डंपर व अन्य वाहन आम सड़कों के बजाय लिंक मार्गों, नहर किनारे बनी सड़कों, गली मोहल्लों की सड़कों से चल रहे हैं। पहले ही गुणवत्ता हीन बनीं सड़कें डंपरों व खनन भरे वाहनों के चलने से टूट गई हैं।
चैती तिराहा काशीपुर मार्ग पहले ठीक था। लगभग छह माह से इस मार्ग पर खनन भरे वाहन चलने से यह पूरी तरह से टूट कर उखड़ गया है। इतना ही नहीं चीमा चौराहा की पुलिया जो एक साल पहले बनी थी।
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भारी वाहनों से बैठ गई अब यह पुलिया फिर बनाई जा रही है। खनन भरे वाहन जसपुर की तरफ जाने के लिए कुंडेश्वरी से चीमा चौराहा वहां से भरे बाजार के बीच से होकर कटोरा ताल मार्ग से बड़ा गुरुद्वारा होकर ढेला पुल पर जाते हैं।
जिससे यह मार्ग भी पूरी तरह से टूट गया है। अन्य लिंक मार्गों पर इनका संचालन हो रहा है। खनन भरे वाहन पुलिस के आय के प्रमुख साधन हैं। जिससे इन पर रोक नहीं लगती है।
। एसडीएम दयानंद सरस्वती ने क्षेत्रीय पुलिस अधिकारी एवं सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन को पत्र लिखकर नगर में लिंक मार्गों पर खनन सामग्री भरे वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने के निर्देश दिए।
उन्होंने है कि कहा कि तहसील के अंतर्गत खनन से संबधित भारी वाहनों की आवाजाही काफी बढ़ गई है। जिससे आबादी क्षेत्र में दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। भारी वाहनों प्रति लोगों में आक्रोश बढ़ रहा है। उन्होंने बाजपुर और रामनगर रोड से भी खनन वाहनों को आने की अनुमति एंट्री के समय पर देने, अवैध खनन सामग्री वाले वाहनों पर कार्यवाही करने के लिए निर्देशित किया है।
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शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में अवैध खनन सामग्री से भरे डंपर व अन्य वाहन आम सड़कों के बजाय लिंक मार्गों, नहर किनारे बनी सड़कों, गली मोहल्लों की सड़कों से चल रहे हैं। पहले ही गुणवत्ता हीन बनीं सड़कें डंपरों व खनन भरे वाहनों के चलने से टूट गई हैं।
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चैती तिराहा काशीपुर मार्ग पहले ठीक था। लगभग छह माह से इस मार्ग पर खनन भरे वाहन चलने से यह पूरी तरह से टूट कर उखड़ गया है। इतना ही नहीं चीमा चौराहा की पुलिया जो एक साल पहले बनी थी।
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भारी वाहनों से बैठ गई अब यह पुलिया फिर बनाई जा रही है। खनन भरे वाहन जसपुर की तरफ जाने के लिए कुंडेश्वरी से चीमा चौराहा वहां से भरे बाजार के बीच से होकर कटोरा ताल मार्ग से बड़ा गुरुद्वारा होकर ढेला पुल पर जाते हैं।
जिससे यह मार्ग भी पूरी तरह से टूट गया है। अन्य लिंक मार्गों पर इनका संचालन हो रहा है। खनन भरे वाहन पुलिस के आय के प्रमुख साधन हैं। जिससे इन पर रोक नहीं लगती है।
। एसडीएम दयानंद सरस्वती ने क्षेत्रीय पुलिस अधिकारी एवं सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन को पत्र लिखकर नगर में लिंक मार्गों पर खनन सामग्री भरे वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाने के निर्देश दिए।
उन्होंने है कि कहा कि तहसील के अंतर्गत खनन से संबधित भारी वाहनों की आवाजाही काफी बढ़ गई है। जिससे आबादी क्षेत्र में दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। भारी वाहनों प्रति लोगों में आक्रोश बढ़ रहा है। उन्होंने बाजपुर और रामनगर रोड से भी खनन वाहनों को आने की अनुमति एंट्री के समय पर देने, अवैध खनन सामग्री वाले वाहनों पर कार्यवाही करने के लिए निर्देशित किया है।