{"_id":"60296b858ebc3ee90b47d86e","slug":"art-should-include-as-optional-subject-rudrapur-news-hld414806062","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंटर में वैकल्पिक विषय के रूप में संचालित हो कला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंटर में वैकल्पिक विषय के रूप में संचालित हो कला
विज्ञापन
गूलरभोज में शिक्षा मंत्री को ज्ञापन सौंपते कला शिक्षक।
- फोटो : RUDRAPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रुद्रपुर। प्रदेशभर के कला शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय से मिलकर इंटरमीडिएट कक्षाओं में कला को वैकल्पिक विषय के रूप में संचालित करने और कला प्रवक्ता के अधिक पद सृजित करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने माध्यमिक स्तर पर कला विषय के अंक जोड़ने की मांग भी की।
शनिवार को गूलरभोज स्थित कैंप कार्यालय में शिक्षा मंत्री पांडेय को सौंपे ज्ञापन में शिक्षकों ने कहा कि माध्यमिक स्तर पर छात्र रंजन कला विषय पढ़ रहे हैं लेकिन रंजन कला के अंकों की गणना कुल योग में नहीं की जा रही है। इससे छात्रों की रुचि इस विषय में खत्म होती जा रही है। उन्होंने मांग की कि प्रदेश की कला, संस्कृति के संवर्धन, परिवर्धन, विकास के लिए माध्यमिक स्तर पर कला के अंकों को भी कुल अंकों में जोड़ा जाए।
इसके साथ ही इंटरमीडिएट की कक्षाओं में भी कला को वैकल्पिक विषय के रूप में पढ़ाया जाए और कला प्रवक्ता के अधिक पद सृजित किए जाएं। शिक्षा मंत्री ने मांगों को अमल कराने का भरोसा दिलाया है। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व श्रीमती अल्पना ने किया। इस मौके पर अंजना पंत, विकास कुमार शर्मा, सुखदेव सैनी, सोनिया बोरा, अमरजीत सिंह, रविशंकर गुसाई, जीवन चंद्र तिवारी, हरीश दफौटी, रश्मि नेगी आदि थे। (ब्यूरो)
विज्ञापन
विज्ञापन
शनिवार को गूलरभोज स्थित कैंप कार्यालय में शिक्षा मंत्री पांडेय को सौंपे ज्ञापन में शिक्षकों ने कहा कि माध्यमिक स्तर पर छात्र रंजन कला विषय पढ़ रहे हैं लेकिन रंजन कला के अंकों की गणना कुल योग में नहीं की जा रही है। इससे छात्रों की रुचि इस विषय में खत्म होती जा रही है। उन्होंने मांग की कि प्रदेश की कला, संस्कृति के संवर्धन, परिवर्धन, विकास के लिए माध्यमिक स्तर पर कला के अंकों को भी कुल अंकों में जोड़ा जाए।
विज्ञापन
इसके साथ ही इंटरमीडिएट की कक्षाओं में भी कला को वैकल्पिक विषय के रूप में पढ़ाया जाए और कला प्रवक्ता के अधिक पद सृजित किए जाएं। शिक्षा मंत्री ने मांगों को अमल कराने का भरोसा दिलाया है। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व श्रीमती अल्पना ने किया। इस मौके पर अंजना पंत, विकास कुमार शर्मा, सुखदेव सैनी, सोनिया बोरा, अमरजीत सिंह, रविशंकर गुसाई, जीवन चंद्र तिवारी, हरीश दफौटी, रश्मि नेगी आदि थे। (ब्यूरो)
विज्ञापन