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दो नोटिस के बाद भी मुआवजा लेने नहीं आ रहे व्यापारी
Updated Sun, 22 Jul 2018 11:56 PM IST
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रुद्रपुर। रामपुर से काठगोदाम तक निर्माणाधीन एनएच-109 की जद में आ रही रुद्रपुर के जगतपुरा की दुकानों के मालिक मुआवजा लेने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं। एसएलओ दफ्तर की ओर से दो नोटिस भेजने के बाद भी किसी ने मुआवजे के लिए आवेदन नहीं किया है।
जगतपुरा में नजूल की जमीन होने की वजह से दुकान स्वामियों को सिर्फ स्ट्रक्चर का ही मुआवजा मिलना है। वहीं, एनएच में हल्दूचौड़ से गोरापड़ाव तक अधिग्रहीत भूमि की दूरी को लेकर चल रही संशय की स्थिति खत्म हो गई है। एनएचएआई 60 मीटर भूमि अधिग्रहीत कर रहा है। इसकी जद में आने वाले करीब दो सौ से अधिक लोग मुआवजा भी ले चुके हैं।
एनएच-109 में रुद्रपुर में जगतपुरा, कल्याणपुर और नगला में स्थित प्रतिष्ठान और निजी जमीन जद में आ रही थी। बीते नवंबर में एसएलओ दफ्तर ने प्रतिष्ठान और भू-स्वामियों को मुआवजा लेने और 60 दिन के भीतर जमीन खाली करने का नोटिस भेजा था। इनमें से जगतपुरा के व्यापारियों ने डीएम से राहत देने की गुहार लगाई थी, लेकिन डीएम ने एनएचएआई का प्रोजेक्ट होने की बात कहकर किसी तरह की राहत से इनकार कर दिया था।
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तय दिनों के भीतर व्यापारियों ने मुआवजा नहीं लिया तो एसएलओ दफ्तर की ओर से एक और नोटिस भेजा गया, लेकिन उसके बाद भी जगतपुरा के व्यापारियों ने मुआवजे के लिए आवेदन नहीं किया है। वहीं, लालकुआं क्षेत्र के सात गांवों में जमीन का अधिग्रहण 60 सड़क से मीटर का होगा।
जगतपुरा के करीब सौ दुकानदारों को स्ट्रक्चर का करीब 80 से 90 लाख का मुआवजा मिलना है, लेकिन दो नोटिस देने के बाद भी किसी ने मुआवजे के लिए आवेदन नहीं किया है। कल्याणपुर में दो लोग मुआवजा ले चुके हैं, जबकि नगला में 18 में से 15 लोग मुआवजा ले चुके हैं। बताया कि लालकुआं क्षेत्र में अधिग्रहण को लेकर जो संशय था, वह खत्म हो चुका है। 60 मीटर जमीन ही अधिग्रहीत हो रही है। इसकी जद में आने वाले करीब दो सौ लोग तो मुआवजा भी ले चुके हैं। - एनएस नबियाल, एसएलओ, एनएच-125।
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जगतपुरा में नजूल की जमीन होने की वजह से दुकान स्वामियों को सिर्फ स्ट्रक्चर का ही मुआवजा मिलना है। वहीं, एनएच में हल्दूचौड़ से गोरापड़ाव तक अधिग्रहीत भूमि की दूरी को लेकर चल रही संशय की स्थिति खत्म हो गई है। एनएचएआई 60 मीटर भूमि अधिग्रहीत कर रहा है। इसकी जद में आने वाले करीब दो सौ से अधिक लोग मुआवजा भी ले चुके हैं।
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एनएच-109 में रुद्रपुर में जगतपुरा, कल्याणपुर और नगला में स्थित प्रतिष्ठान और निजी जमीन जद में आ रही थी। बीते नवंबर में एसएलओ दफ्तर ने प्रतिष्ठान और भू-स्वामियों को मुआवजा लेने और 60 दिन के भीतर जमीन खाली करने का नोटिस भेजा था। इनमें से जगतपुरा के व्यापारियों ने डीएम से राहत देने की गुहार लगाई थी, लेकिन डीएम ने एनएचएआई का प्रोजेक्ट होने की बात कहकर किसी तरह की राहत से इनकार कर दिया था।
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तय दिनों के भीतर व्यापारियों ने मुआवजा नहीं लिया तो एसएलओ दफ्तर की ओर से एक और नोटिस भेजा गया, लेकिन उसके बाद भी जगतपुरा के व्यापारियों ने मुआवजे के लिए आवेदन नहीं किया है। वहीं, लालकुआं क्षेत्र के सात गांवों में जमीन का अधिग्रहण 60 सड़क से मीटर का होगा।
जगतपुरा के करीब सौ दुकानदारों को स्ट्रक्चर का करीब 80 से 90 लाख का मुआवजा मिलना है, लेकिन दो नोटिस देने के बाद भी किसी ने मुआवजे के लिए आवेदन नहीं किया है। कल्याणपुर में दो लोग मुआवजा ले चुके हैं, जबकि नगला में 18 में से 15 लोग मुआवजा ले चुके हैं। बताया कि लालकुआं क्षेत्र में अधिग्रहण को लेकर जो संशय था, वह खत्म हो चुका है। 60 मीटर जमीन ही अधिग्रहीत हो रही है। इसकी जद में आने वाले करीब दो सौ लोग तो मुआवजा भी ले चुके हैं। - एनएस नबियाल, एसएलओ, एनएच-125।