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साढ़े 13 साल में नहीं बन पाई पांच किमी सड़क
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प्रतापनगर के आधा दर्जन गांव को जोड़ने के लिए बनाए जा रहे सुनखेत-थाला-मोलगा साढ़े पांच किमी मोटर मार्ग का निर्माण साढ़े 13 साल में भी पूरा नहीं हो पाया है। मोटर मार्ग नहीं बनने से ग्रामीण कई किमी पैदल चलने को मजबूर हैं। पीएमजीएसवाई ने करीब छह माह पहले शासन को निर्माण पूरा करवाने को एक करोड़ 15 लाख की डीपीआर भेजी थी, लेकिन अभी तक उसको स्वीकृति नहीं मिल पाई।
प्रतापनगर के सिलवालगांव, थाला, मोलगा, मिश्रवाणगांव, हलेथ, धारगढ़, खोलगढ़ आदि को सड़क से जोड़ने के लिए सरकार ने वर्ष 2006 में साढ़े पांच किमी सुनखेत-थाला-मोलगा मोटर मार्ग स्वीकृत किया था। लोनिवि 2010-11 में मोटर मार्ग का काम शुरू करवाया था, लेकिन थाला गांव में पत्थर गिरने से पांच परिवारों के मकान टूट गए। प्रभावित परिवारों ने भवनों को पूर्ण क्षतिग्रस्त श्रेणी में रखकर प्रतिकर देने की मांग करते हुए निर्माण बंद करा दिया। लोनिवि ने भवनों को जितना नुकसान हुआ, केवल उतना ही प्रतिकर बनाया। वर्ष 2014 में मोटर मार्ग पीएमजीएसवाई को हस्तांतरित हो गया था। पीएमजीएसवाई ने सड़क निर्माण शुरू किया था। बावजूद जिस स्थल पर विवाद था, वहां से आगे सड़क नहीं बन पाई है। पीएमजीएसवाई ने करीब 10 माह पहले विवाद को सुलझा लिया है। एई रोहित श्रीवास्तव ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए एक करोड़ 15 लाख की जरूरत है। शासन को आगणन भेजा गया है। पूर्व प्रधान पारेश्वर प्रसाद भट्ट ने सरकार से सड़क निर्माण पूरा करवाने के लिए बजट जारी करने की मांग की।
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प्रतापनगर के सिलवालगांव, थाला, मोलगा, मिश्रवाणगांव, हलेथ, धारगढ़, खोलगढ़ आदि को सड़क से जोड़ने के लिए सरकार ने वर्ष 2006 में साढ़े पांच किमी सुनखेत-थाला-मोलगा मोटर मार्ग स्वीकृत किया था। लोनिवि 2010-11 में मोटर मार्ग का काम शुरू करवाया था, लेकिन थाला गांव में पत्थर गिरने से पांच परिवारों के मकान टूट गए। प्रभावित परिवारों ने भवनों को पूर्ण क्षतिग्रस्त श्रेणी में रखकर प्रतिकर देने की मांग करते हुए निर्माण बंद करा दिया। लोनिवि ने भवनों को जितना नुकसान हुआ, केवल उतना ही प्रतिकर बनाया। वर्ष 2014 में मोटर मार्ग पीएमजीएसवाई को हस्तांतरित हो गया था। पीएमजीएसवाई ने सड़क निर्माण शुरू किया था। बावजूद जिस स्थल पर विवाद था, वहां से आगे सड़क नहीं बन पाई है। पीएमजीएसवाई ने करीब 10 माह पहले विवाद को सुलझा लिया है। एई रोहित श्रीवास्तव ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए एक करोड़ 15 लाख की जरूरत है। शासन को आगणन भेजा गया है। पूर्व प्रधान पारेश्वर प्रसाद भट्ट ने सरकार से सड़क निर्माण पूरा करवाने के लिए बजट जारी करने की मांग की।
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