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विधायक के साथ बनते-बनते बिगड़ गई बात
Tehri
Updated Sat, 24 Nov 2012 12:00 PM IST
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घनसाली (टिहरी)। घुत्तू लघु जल विद्युत परियोजना प्रबंधन के खिलाफ अनशन पर बैठे विधायक से शुक्रवार देर शाम तक चली लंबी वार्ता का कोई हल नहीं निकल पाया। मांगों को लेकर लगभग सहमति बनने के बाद कंपनी प्रबंधक को हटाने की मांग पर बात बिगड़ गई। विधायक ने प्रबंधक को हटाने तक अनशन जारी रखने की बात कही है।
जिला प्रशासन की सख्ती के बाद सीडीओ सविन बंसल की मौजूदगी में अनशनकारियों से वार्ता को शुक्रवार को कंपनी निदेशक राजेश जिंदल पहुंचे। तीनों पक्षों के बीच चली लंबी वार्ता के बाद लगभग तय हो गया था, कि परियोजना निर्माण के समय ग्रामीणों के साथ हुए समझौते के परीक्षण के लिए एक त्रिपक्षीय समिति गठित की जाएगी। यह भी तय हो गया था कि 15 दिन में यह समिति डीएम को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी, जिसके आधार पर समस्याओं के निराकरण की कार्रवाई शुरू की जाएगी। मगर आखिर में विधायक कंपनी के प्रबंधक वीपी सिंह को हटाने की मांग पर अड़ गए। कंपनी निदेशक ने इसे अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर का मामला बताते हुए असमर्थता जताई। इस मामले में विधायक और निदेशक के बहस भी हुई। किसी तरह सीडीओ ने मामला शांत कराया। विधायक ने कहा कि कंपनी प्रबंधक को हटाने तक अनशन जारी रखा जाएगा। समाचार भेजे जाने तक प्रभावित गोविंद लाल, सूरत सिंह और सुंदर सिंह नेगी भी अनशन पर डटे हुए थे। इस मौके पर भाजपा मंडल अध्यक्ष सूरत सिंह रावत, प्रेमलाल त्रिकोटिया, राजुली देवी, सौकीन सिंह, गिरधर और सूरत सिंह आदि मौजूद थे।
इनसेट-
लघु जल विद्युत परियोजना के खिलाफ अनशन पर बैठे विधायक भीमलाल आर्य व तीन अन्य ग्रामीणों के स्वास्थ्य में काफी गिरावट आ गई है। विधायक का बीपी बढ़ने पर एहतियातन सीडीओ ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात डा. श्याम विजय को अनशनकारियों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए घुत्तू भेजा है।
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जिला प्रशासन की सख्ती के बाद सीडीओ सविन बंसल की मौजूदगी में अनशनकारियों से वार्ता को शुक्रवार को कंपनी निदेशक राजेश जिंदल पहुंचे। तीनों पक्षों के बीच चली लंबी वार्ता के बाद लगभग तय हो गया था, कि परियोजना निर्माण के समय ग्रामीणों के साथ हुए समझौते के परीक्षण के लिए एक त्रिपक्षीय समिति गठित की जाएगी। यह भी तय हो गया था कि 15 दिन में यह समिति डीएम को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी, जिसके आधार पर समस्याओं के निराकरण की कार्रवाई शुरू की जाएगी। मगर आखिर में विधायक कंपनी के प्रबंधक वीपी सिंह को हटाने की मांग पर अड़ गए। कंपनी निदेशक ने इसे अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर का मामला बताते हुए असमर्थता जताई। इस मामले में विधायक और निदेशक के बहस भी हुई। किसी तरह सीडीओ ने मामला शांत कराया। विधायक ने कहा कि कंपनी प्रबंधक को हटाने तक अनशन जारी रखा जाएगा। समाचार भेजे जाने तक प्रभावित गोविंद लाल, सूरत सिंह और सुंदर सिंह नेगी भी अनशन पर डटे हुए थे। इस मौके पर भाजपा मंडल अध्यक्ष सूरत सिंह रावत, प्रेमलाल त्रिकोटिया, राजुली देवी, सौकीन सिंह, गिरधर और सूरत सिंह आदि मौजूद थे।
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इनसेट-
लघु जल विद्युत परियोजना के खिलाफ अनशन पर बैठे विधायक भीमलाल आर्य व तीन अन्य ग्रामीणों के स्वास्थ्य में काफी गिरावट आ गई है। विधायक का बीपी बढ़ने पर एहतियातन सीडीओ ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात डा. श्याम विजय को अनशनकारियों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए घुत्तू भेजा है।
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