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उच्च शिक्षा के लिए लगानी पड़ रही 50 किमी की दौड़

Wed, 01 Sep 2021 10:24 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Wed, 01 Sep 2021 10:24 PM IST
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50 km race has to be done for higher education
जौनपुर विकास खंड के सकलाना पट्टी के युवाओं को उच्च शिक्षा के लिए 50 किमी की दौड़ लगानी पड़ रही है। 2016 में सकलाना में राजकीय महाविद्यालय खोलने के लिए प्रशासनिक मंजूरी मिल चुकी थी, लेकिन वित्तीय स्वीकृति नहीं मिलने के कारण महाविद्यालय का संचालन शुरू नहीं हो पाया। उच्च शिक्षा संस्थान के अभाव में खासतौर पर छात्राओं को इंटर के बाद आगे की पढ़ाई से वंचित रहना पड़ रहा है।
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सत्यों सकलाना पट्टी का केंद्र बिंदु है। सकलाना पट्टी में 16 ग्राम पंचायतें और 56 राजस्व ग्राम हैं। 17 दिसंबर 2016 को मुख्य सचिव एस रामास्वामी की ओर से सकलाना क्षेत्र में स्व. नागेंद्र सकलानी के नाम से महाविद्यालय खोलने को मंजूरी मिली। शैक्षणिक सत्र 2017-18 से महाविद्यालय का संचालन शुरू होना था। तब से पांच साल का समय बीत चुका है, लेकिन महाविद्यालय के लिए वित्तीय स्वीकृति न मिलने के कारण संचालन शुरू नहीं हो पाया।
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पूर्व जिला पंचायत सदस्य अखिलेश उनियाल का कहना है कि कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण अधिकांश अभिभावक लड़कियों को उच्च शिक्षा के लिए घर से दूर नहीं भेज पाते हैं। छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने इसी सत्र से महाविद्यालय में कक्षाएं शुरू करने का अनुरोध किया है। इस बाबत धनोल्टी विधायक प्रीतम सिंह पंवार ने बताया कि तीन दिन पहले उन्होंने विधानसभा सत्र में सकलाना में महाविद्यालय का संचालन शुरू न होने का मामला उठाया है। सदन में उच्च शिक्षा मंत्री ने सकलाना में महाविद्यालय शुरू करने का भरोसा दिया है।
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