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विवादों में फंसा सांदणा बैंड-रौलाकोट-चांटी डोबरा सड़क निर्माण
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नई टिहरी। टिहरी झील किनारे सांदणा बैंड-रौलाकोट-चांटी डोबरा सड़क का निर्माण विवाद में फंस गया है। नौताड़ और सेम घंडियालकी गांव के लोगों के विरोध को देखते हुए लोनिवि से सड़क निर्माण कार्य रोक दिया है। दोनों गांवों के लोग सड़क निर्माण से प्राकृतिक जल स्रोतों, आवासीय भवनों और मंदिर को नुकसान होने की आशंका से सड़क का विरोध कर रहे है।
टिहरी झील प्रभावित प्रतापनगर क्षेत्र के गांवों को सुगम यातायात की सुविधा मुहैया कराने के लिए लोनिवि प्रांतीय खंड ने बीते अक्तूबर माह में सांदणा बैंड-रौलाकोट-चांटी डोबरा मोटर मार्ग निर्माण शुरू किया था। करीब चार करोड़ 50 लाख की लागत से 10 किमी लंबे इस मोटर मार्ग का निर्माण चल रहा था। कार्यदायी संस्था सांदणा बैंड और चांटी डोबरा पुल दोनों साइटों से सड़क निर्माण कर चुकी है, लेकिन नौताड़ तक सड़क पहुंचने से पहले ग्रामीण विरोध में मुखर हो उठे। ग्रामीणों ने निर्माण बंद करा दिया था।
ग्रामीणों का कहना है कि भूमि का सर्वे गांव के नीचे से हुआ था, लेकिन सड़क का निर्माण गांव के ऊपरी भाग से शुरू कर दिया गया। गांव के ऊपर से सड़क निर्माण होने से पानी के प्राकृतिक स्रोत, मंदिर और आवासीय भवनों को अधिक नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों के विरोध को देखते हुए लोनिवि को वहां सड़क निर्माण बंद कराना पड़ा। फरवरी माह में सेम घंडियालकी से होते हुए डोबरा-चांठी मार्ग निर्माण शुरू किया गया, लेकिन वहंा भी विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई है। सेम घंडियालकी के लोग पूर्व सर्वे के अनुसार सड़क निर्माण करने की जिद पर अड़े हुए है। दोनों गांवों में विवाद की स्थिति को देखते हुए लोनिवि ने फिलहाल निर्माण कार्य बंद कर दिया है।
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इनका क्या है कहना
नौताड़ और सेम सेम घंडियालकी के लोगों के विरोध को देखते हुए दोनों गांवों के पास सड़क निर्माण बंद किया गया है। फिलहाल अन्य जगहों पर काम चल रहा है। सेम घंडियालकी के लोगों से होली के बाद वार्ता कर समस्या समाधान किया जाएगा। सर्वे के अनुसार ही सड़क निर्माण किया जाएगा।
-केएस नेगी, अधिशासी अभियंता, लोनिवि प्रांतीय खंड बौराड़ी।
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टिहरी झील प्रभावित प्रतापनगर क्षेत्र के गांवों को सुगम यातायात की सुविधा मुहैया कराने के लिए लोनिवि प्रांतीय खंड ने बीते अक्तूबर माह में सांदणा बैंड-रौलाकोट-चांटी डोबरा मोटर मार्ग निर्माण शुरू किया था। करीब चार करोड़ 50 लाख की लागत से 10 किमी लंबे इस मोटर मार्ग का निर्माण चल रहा था। कार्यदायी संस्था सांदणा बैंड और चांटी डोबरा पुल दोनों साइटों से सड़क निर्माण कर चुकी है, लेकिन नौताड़ तक सड़क पहुंचने से पहले ग्रामीण विरोध में मुखर हो उठे। ग्रामीणों ने निर्माण बंद करा दिया था।
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ग्रामीणों का कहना है कि भूमि का सर्वे गांव के नीचे से हुआ था, लेकिन सड़क का निर्माण गांव के ऊपरी भाग से शुरू कर दिया गया। गांव के ऊपर से सड़क निर्माण होने से पानी के प्राकृतिक स्रोत, मंदिर और आवासीय भवनों को अधिक नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों के विरोध को देखते हुए लोनिवि को वहां सड़क निर्माण बंद कराना पड़ा। फरवरी माह में सेम घंडियालकी से होते हुए डोबरा-चांठी मार्ग निर्माण शुरू किया गया, लेकिन वहंा भी विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई है। सेम घंडियालकी के लोग पूर्व सर्वे के अनुसार सड़क निर्माण करने की जिद पर अड़े हुए है। दोनों गांवों में विवाद की स्थिति को देखते हुए लोनिवि ने फिलहाल निर्माण कार्य बंद कर दिया है।
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इनका क्या है कहना
नौताड़ और सेम सेम घंडियालकी के लोगों के विरोध को देखते हुए दोनों गांवों के पास सड़क निर्माण बंद किया गया है। फिलहाल अन्य जगहों पर काम चल रहा है। सेम घंडियालकी के लोगों से होली के बाद वार्ता कर समस्या समाधान किया जाएगा। सर्वे के अनुसार ही सड़क निर्माण किया जाएगा।
-केएस नेगी, अधिशासी अभियंता, लोनिवि प्रांतीय खंड बौराड़ी।