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लक्ष्मण के प्राण बचाने को हनुमान लाए संजीवनी
Updated Sun, 21 Oct 2018 10:29 PM IST
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नई टिहरी। नवयुवक अभिनय श्री राम कृष्ण लीला समिति की ओर से आयोजित रामलीला में लक्ष्मण मेघनाद युद्ध, हनुमान संजीवनी लाने का का शानदार मंचन हुआ।
बौराड़ी स्टेडियम में आयोजित रामलीला में युद्ध में मेघनाद लक्ष्मण को ब्रह्मफांस से मूर्छित करते हैं। राम लक्ष्मण को देख व्याकुल होकर विलाप करने लगते हैं। विभीषण ने बताया कि लंका में सुशैन वैध रहते हैं, जो लक्ष्मण का उपचार कर सकते हैं। हनुमान सुशैन वैद्य को लाते हैं। वैध ने बताया कि द्रोणाचल पर्वत पर संजीवनी बूटी पायी जाती है, यदि सुबह होने से पहले संजीवनी आ जाती है, तो लक्ष्मण के प्राण बचाए जा सकते हैं। हनुमान संजीवनी का पहाड़ लेकर आते हैं। वैद्य पर्वत से संजीवनी पहचान कर लक्ष्मण को पिलाते हैं, जिसके बाद लक्ष्मण स्वस्थ हो जाते हैं। रामलीला में कुंभकर्ण का राम के हाथों वध होता है। इस मौके पर अनुराग पंत, गिरीश घिल्डियाल, ऋषभ पांडेय, शिवम गिरी, हरीश गिरी, नरेश कुमार, हरीश घिल्डियाल, मिंकू घई, महावीर उनियाल, देेशभूषण, सतीश थपलियाल, नूपुर पांडेय, सीमा पंत, परमेश्वरी जोशी, शैला पांडेय, सुनील, राधाकृष्ण, मोहनदेव, अंकित, सीताराम, आदित्य, शिवकुमार, सूरज, निर्मल, नंद कुमार आदि मौजूद थे।
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बौराड़ी स्टेडियम में आयोजित रामलीला में युद्ध में मेघनाद लक्ष्मण को ब्रह्मफांस से मूर्छित करते हैं। राम लक्ष्मण को देख व्याकुल होकर विलाप करने लगते हैं। विभीषण ने बताया कि लंका में सुशैन वैध रहते हैं, जो लक्ष्मण का उपचार कर सकते हैं। हनुमान सुशैन वैद्य को लाते हैं। वैध ने बताया कि द्रोणाचल पर्वत पर संजीवनी बूटी पायी जाती है, यदि सुबह होने से पहले संजीवनी आ जाती है, तो लक्ष्मण के प्राण बचाए जा सकते हैं। हनुमान संजीवनी का पहाड़ लेकर आते हैं। वैद्य पर्वत से संजीवनी पहचान कर लक्ष्मण को पिलाते हैं, जिसके बाद लक्ष्मण स्वस्थ हो जाते हैं। रामलीला में कुंभकर्ण का राम के हाथों वध होता है। इस मौके पर अनुराग पंत, गिरीश घिल्डियाल, ऋषभ पांडेय, शिवम गिरी, हरीश गिरी, नरेश कुमार, हरीश घिल्डियाल, मिंकू घई, महावीर उनियाल, देेशभूषण, सतीश थपलियाल, नूपुर पांडेय, सीमा पंत, परमेश्वरी जोशी, शैला पांडेय, सुनील, राधाकृष्ण, मोहनदेव, अंकित, सीताराम, आदित्य, शिवकुमार, सूरज, निर्मल, नंद कुमार आदि मौजूद थे।