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जलकर वसूली से प्रभावितों का उत्पीडन कर रहा जल संस्थान
Updated Fri, 10 Nov 2017 10:38 PM IST
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नई टिहरी। नागरिक मंच की बैठक में नगर क्षेत्र की समस्याओं पर चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि सरकार उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग के निर्णयों का पालन नहीं कर रही है। इससे लोगों में भारी रोष है। बांध प्रभावित क्षेत्र के ग्राम कुठ्ठा, बागी, डिबनू, भैंतोगी सेरा, पिपली और छमुंड के लोगों ने भी नागरिक मंच की सदस्यता ग्रहण करते हुए कहा कि जनहित के लिए संघर्ष तेज किया जाएगा।
जिला मुख्यालय स्थित एक होटल में आयोजित मंच की बैठक में वक्ताओं ने कहा कि जल संस्थान टिहरी बांध प्रभावित-विस्थापित परिवारों से जलकर वसूलकर उनका उत्पीड़न कर रही है। उन्होंने कहा कि जल संस्थान को निर्णयानुसार प्रतिपूर्ति का दावा उत्तराखंड सरकार से करना चाहिए। जल संस्थान के इस निर्णय का विरोध किया जाएगा। मंच ने पिपली, केमसारी, बुडोगी, कोंड, पैन्यूला, बागी, भेलुड़ और भैंतोगी गांव के पास की भूमि वर्षा जल निकासी के कारण भू-कटाव हो रहा है। उसका शीघ्र निस्तारण किया जाना चाहिए। उन्होंने उच्च न्यायालय के निर्णयानुसार नरेंद्रनगर में स्थित जिलास्तरीय सभी कार्यालय जिला मुख्यालय शिफ्ट करने की मांग की है। बैठक में मंच के अध्यक्ष सुंदरलाल उनियाल, मंत्री सीपी डबराल, भरत सिंह भंडारी, कमल सिंह महर, करम सिंह तोपवाल, किशोरीलाल चमोली, नरोत्तमदत्त मखलोगा और गुरू प्रसाद भट्ट आदि शामिल थे।
जिला मुख्यालय स्थित एक होटल में आयोजित मंच की बैठक में वक्ताओं ने कहा कि जल संस्थान टिहरी बांध प्रभावित-विस्थापित परिवारों से जलकर वसूलकर उनका उत्पीड़न कर रही है। उन्होंने कहा कि जल संस्थान को निर्णयानुसार प्रतिपूर्ति का दावा उत्तराखंड सरकार से करना चाहिए। जल संस्थान के इस निर्णय का विरोध किया जाएगा। मंच ने पिपली, केमसारी, बुडोगी, कोंड, पैन्यूला, बागी, भेलुड़ और भैंतोगी गांव के पास की भूमि वर्षा जल निकासी के कारण भू-कटाव हो रहा है। उसका शीघ्र निस्तारण किया जाना चाहिए। उन्होंने उच्च न्यायालय के निर्णयानुसार नरेंद्रनगर में स्थित जिलास्तरीय सभी कार्यालय जिला मुख्यालय शिफ्ट करने की मांग की है। बैठक में मंच के अध्यक्ष सुंदरलाल उनियाल, मंत्री सीपी डबराल, भरत सिंह भंडारी, कमल सिंह महर, करम सिंह तोपवाल, किशोरीलाल चमोली, नरोत्तमदत्त मखलोगा और गुरू प्रसाद भट्ट आदि शामिल थे।
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