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हादसे पर हादसे के बाद भी नहीं टूट रही सरकारी तंत्र की नींद
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग
Updated Tue, 06 Sep 2016 10:09 PM IST
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अगस्त्यमुनि के विजयनगर में ट्राली से गिरी बच्ची को लेकर राजमार्ग पर लगा जाम।
- फोटो : Amar Ujala
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जिले में तीन वर्ष में इन ट्रालियों से 22 से अधिक हादसे हो चुके हैं। हादसों में बच्ची सहित दो लोग मंदाकिनी में गिरकर बह गए हैं, जबकि एक मासूम का एक हाथ पूरा ही कट चुका है। 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं, जिनमें कई आज भी अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं। हादसे दर हादसे होने के बावजूद सरकारी तंत्र की नींद नहीं टूट रही है।
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जून 2013 की आपदा में केदारघाटी के गांवों को जोड़ने के लिए मंदाकिनी नदी पर बने आठ झूला पुल बह गए थे, जिनका आज का पुनर्निर्माण नहीं हो पाया है। इधर, अक्तूबर 2013 में शासन के निर्देश पर लोक निर्माण विभाग द्वारा माई की मढ़ी, सिल्ली, बेडूबगड, विजयनगर, चंद्रापुरी, स्यालस्यूं सहित आठ जगहों पर हस्तचलित और हाइड्रोलिक ट्रालियां लगाई गई, लेकिन तीन वर्ष बीत जाने के बाद सिर्फ माई की मढ़ी और सिल्ली में भी स्टील गार्डर पुल बन पाए हैं।
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अन्य छह स्थानों पर आज भी जंक खाती ये ट्राली खेवनहार बनी हुई हैं, जो सुविधा के नाम पर जख्म देने का काम कर रही है। विगत 27 जुलाई को चंद्रापुरी में नैली गांव का 26 वर्षीय युवक ट्राली से गिरकर मंदाकिनी नदी में गिरकर बह गया था। इधर, विजयनगर में लगी ट्राली आए दिन घंटों बंद हो रही है। बीते 17 अगस्त को यहां पर दोनों तरफ से दो ट्रालियों में चार छात्र और चार शिक्षिकाएं करीब दो घंटे तक झूलते रहे।
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घटना का स्थानीय जनता ने विरोध किया। तब, प्रशासन ने विभागीय अधिकारियों को ट्रालियों की मरम्मत के निर्देश दिए थे, लेकिन मंगलवार को ट्राली का अचानक दरवाजा खुलने से बच्ची के गिरने की घटना ने फिर विभाग की लापरवाही को उजागर कर दिया।
जंक से जर्जर ट्रालियां दे रही दर्द
27 नवंबर 2013 सिल्ली में ट्राली से स्कूली छात्रा ट्राली से गिरी, सेना के जवान ने बचाया।
फरवरी 2014 चंद्रापुरी में दो बुजुर्ग महिलाएं ट्राली से गिरी। एक महिला का अब भी उपचार चल रहा है।
30 जुलाई 2014 को कुंड गांव का व्यक्ति चंद्रापरी ट्राली से नदी में गिरा, गंभीर रूप से हुआ घायल।
31 जुलाई 2014 को चंद्रापुरी में एक युवक की हाथ की उंगलियां पिचकी।
13 सितंबर 2014 को चंद्रापुरी मे आठ वर्षीय बालक का हाथ कंधे से कटा।
नवंबर 2014 को चंद्रापुरी में दो महिला का हाथ ट्राली के कुंड से पिचका।
20 जून 2014 स्यालसौड़ में बुजुर्ग का हाथ ट्राली के कुंड से हुआ जख्मी।
27 जुलाई 2016 नैली गांव का युवक मनोज ट्राली में बैठते समय फिसलकर नदी में गिरकर बहा।
13 अगस्त 2016 स्यालसौड़ में रस्यांसू का एक किशोर ट्राली पलटने से मंदाकिनी नदी में गिरा। तैरकर बचाई जान।
06 सितंबर 2016, विजयनगर में ट्राली का दरवाजा खुलने से तीन वर्ष की बच्ची नदी में गिरकर बही।
जर्जर ट्राली से आवागमन कर रहे ग्रामीण
उत्तरकाशी। जिले में एक दर्जन से अधिक गांव की आबादी ट्राली से जान जोखिम में डालकर आवागमन करने को मजबूर हैं। वर्ष 2012-13 आपदा में भागीरथी नदी, असी गंगा, यमुना नदी तथा टौंस नदी पर बने पुल बहने के बाद ग्रामीण जर्जर हालत में पड़ी ट्रालियों से आवागमन कर रहे हैं। बीते माह असी गंगाघाटी के सेकू में लगी ट्राली का तार टूटने से दो छात्र नदी में गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
वर्ष 2012-13 की आपदा के चार साल बाद भी असी गंगा, भागीरथी, यमुना तथा टौंस नदी पर पुल नहीं बनने के कारण आपदा प्रभावित लोग जान जोखिम में डालकर आवाजाही करने को मजबूर हैं। भटवाड़ी तहसील के नलूणा व डिडसारी के ग्रामीण भागीरथी नदी पर लगी ट्राली से आवागमन कर रहे हैं।
ट्राली से जाते समय कई ग्रामीणों की हाथ की अंगुली कट चुकी है। असी गंगा पर सेकू में बीते माह तो जर्जर ट्राली के तार टूटने से जीजीआईसी भंकोली में पढ़ने वाले दो छात्र चोटिल हो चुके थे, जिसमें नदी में गिरने से एक छात्र का हाथ फैक्चर हो गया था। यमुना नदी में खरादी में आधा दर्जन से अधिक गांव एवं मोरी ब्लाक के सांद्रा गांव के लोगों टौंस नदी पर लगी ट्राली से जान जोखिम में डालकर आवाजाही करने को मजबूर हैं। ब्यूरो
ओडर और बोरागाड़ में लगी हाइड्रोलिक ट्रालियां
कर्णप्रयाग। जून 2013 की आपदा के बाद पिंडरघाटी में बोरागाड़, सुपलीगाड़, चेपड़ों, हरमनी सहित नारायणबगड़ के झूला पुल बह गए थे। छह माह बाद विभाग ने बोरागाड़, चेपड़ों और हरमनी में हस्तचालित ट्रालियां लगाई, लेकिन आए दिन राहगीरों के हाथ कटने से लोग परेशान रहे।
हरमनी में पैनगढ़ के स्कूली बच्चे करीब एक घंटे तक ट्राली में फंसे रहे। विभाग ने अब बोरागाड़ सहित ओडर और चेपड़ों में हाइड्रोलिक ट्राली लगाकर दिक्कतें कम दी हैं। वहीं हरमनी में झूला पुल की मरम्मत होने से लोगों को राहत मिली है। विश्व बैंक डिवीजन द्वारा थराली, नारायणबगड़ और बोरागाड़ में झूला पुलों का भी निर्माण शुरू कर दिया गया है। विभाग के अधिशासी अभियंता मनोज कुमार भट्ट ने बताया कि जल्द झूला पुलों का निर्माण पूरा कर दिया जाएगा। ब्यूरो