{"_id":"6adf3d04f6c5ad0cc703cdf5","slug":"provided-information-regarding-personal-safety-and-inappropriate-behavior-rudraprayag-news-c-52-1-rpg1007-121811-2026-10-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rudraprayag News: व्यक्तिगत सुरक्षा तथा अनुचित व्यवहार के बारे में बताया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rudraprayag News: व्यक्तिगत सुरक्षा तथा अनुचित व्यवहार के बारे में बताया
Mon, 26 Oct 2026 05:14 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्र प्रयाग
संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्र प्रयाग
Updated Mon, 26 Oct 2026 05:14 PM IST
विज्ञापन
फोटो
संवाद न्यूज एजेंसी
गुप्तकाशी। सुरक्षित बचपन अभियान के तहत पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय, जाखधार में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव पायल सिंह ने विद्यार्थियों को बाल सुरक्षा, उनके कानूनी अधिकारों और लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को गुड टच बैड टच की पहचान, व्यक्तिगत सुरक्षा तथा अनुचित व्यवहार की स्थिति में अभिभावक, शिक्षक या किसी विश्वसनीय व्यक्ति को जानकारी देने के लिए कहा।
शिविर में कक्षाओं के अनुसार बच्चों को अलग-अलग विषयों के माध्यम से जागरूक किया गया। कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थियों के लिए मेरा शरीर, मेरी सुरक्षा, कक्षा छह से आठ तक के लिए अपने अधिकारों को जानें और कक्षा नौ से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए कानून जानें, अपना भविष्य सुरक्षित करें विषय रखा गया। इंटरनेट और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, साइबर उत्पीड़न तथा निजी जानकारी साझा करने से जुड़े जोखिमों के बारे में भी बताया गया। शिविर में पराविधिक स्वयंसेवकों ने नुक्कड़ नाटक से बाल शोषण के खिलाफ आवाज उठाने और समय पर सहायता लेने का संदेश दिया।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
गुप्तकाशी। सुरक्षित बचपन अभियान के तहत पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय, जाखधार में विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव पायल सिंह ने विद्यार्थियों को बाल सुरक्षा, उनके कानूनी अधिकारों और लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को गुड टच बैड टच की पहचान, व्यक्तिगत सुरक्षा तथा अनुचित व्यवहार की स्थिति में अभिभावक, शिक्षक या किसी विश्वसनीय व्यक्ति को जानकारी देने के लिए कहा।
शिविर में कक्षाओं के अनुसार बच्चों को अलग-अलग विषयों के माध्यम से जागरूक किया गया। कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थियों के लिए मेरा शरीर, मेरी सुरक्षा, कक्षा छह से आठ तक के लिए अपने अधिकारों को जानें और कक्षा नौ से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए कानून जानें, अपना भविष्य सुरक्षित करें विषय रखा गया। इंटरनेट और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, साइबर उत्पीड़न तथा निजी जानकारी साझा करने से जुड़े जोखिमों के बारे में भी बताया गया। शिविर में पराविधिक स्वयंसेवकों ने नुक्कड़ नाटक से बाल शोषण के खिलाफ आवाज उठाने और समय पर सहायता लेने का संदेश दिया।
विज्ञापन